खैरथल-तिजारा में रविवार (16 अगस्त) में कांग्रेस जिलाध्यक्ष को हिरासत में लिए जाने का मामला सामने आया है. पुलिस कार्रवाई का कार्यकर्ताओं ने खुलकर विरोध किया. घटना के बाद से सियासी पारा चढ़ गया है. बताया जा रहा है कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के अलवर दौरे से पहले पुलिस ने यह कदम उठाया. कांग्रेस जिलाध्यक्ष बलराम यादव को पुलिस ने डिटेन कर खैरथल थाने लाया गया. इसके बाद से क्षेत्र में राजनीतिक हलचल तेज हो गई है.
आरोप- 20-25 कार्यकर्ताओं को भी नजरबंद किया
कांग्रेस कार्यकर्ताओं के अनुसार, करीब 20–25 कार्यकर्ताओं को पूरी रात निजी होटल में नजरबंद रखा गया. सुबह होटल के बाहर कार्यकर्ताओं की भीड़ बढ़ने लगी. इसके बाद पुलिस ने बलराम यादव समेत अन्य कार्यकर्ताओं को बस में बैठाकर खैरथल थाने पहुंचाया. कार्यकर्ताओं का आरोप है कि वे अलवर में अमित शाह की रैली का विरोध दर्ज कराने और काले झंडे दिखाने की तैयारी कर रहे थे. पुलिस कार्रवाई की सूचना मिलते ही थाने के बाहर बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता एकत्रित हो गए.

विरोध के लिए कांग्रेस कार्यकर्ता थाने के बाहर पहुंचे.
बलराम यादव को निगरानी में रखा- एडिशनल एसपी
एडिशनल एसपी जय सिंह ने बताया कि बलराम यादव को थाने लाकर निगरानी में रखा गया है. सुरक्षा व्यवस्था पूरी होने तक पुलिस निगरानी जारी रहेगी. इस कार्रवाई के बाद खैरथल से अलवर तक राजनीतिक माहौल गरमा गया है.
यह भी पढ़ेंः शुभम रेवाड़ के घर के बाहर देर रात पहुंची पुलिस, आरोप- नजरबंद करने की कोशिश, छात्र नेता का वीडियो आया सामने