Alwar Teacher Suicide Note: अलवर के अकबरपुर थाना इलाके के निर्भमपुरा गांव के एक सरकारी टीचर के सुसाइड का मामला सामने आया है. टीचर ने अपने घर से 100 मीटर दूर तीन सेट की बाड़ से फांसी लगाकर मौत को गले लगा लिया. उनके शव के पास चार पेज का सुसाइड नोट मिला है.जिसमें स्कूल के टीचरों और प्रिंसिपल समेत कई टीचरों पर मेंटल टॉर्चर का आरोप लगाया गया है.
5 महीने बाद होनी थी रिटायरमेंट
मामले को लेकर बेटे ने बताया कि उसके पिता टीचर बद्दन लाल (59) जिले के निर्भमपुरा गांव में राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय ढेहलावास के सरकारी टीचर के तौर पर काम कर रहे थे. वह 5 महीने में रिटायर होने वाले थे. कोरोना से वह काफी बीमार रहने लगे थे. जिसके कारण उनका इलाज चल रहा था. उनकी रिटायरमेंट 5 महीने बाद होनी था जिसके लिए कागजी कार्रवाई करनी थी. इसके लिए उन्हें स्कूल की तरफ से समय नहीं दिया जा रहा था. जिसकी वजह से वह काफी समय से परेशान थे.
शिक्षक मानसिक रूप से परेशान चल रहे थे
वही मामले को लेकर सरकारी स्कूल दहलवास के प्रिंसिपल अवनीश मिश्रा ने इन सब आरोपो को गलत बताया. उन्होंने कहा कि हाल ही में डेढ़ महीने पहले टीचर बद्दन लाल ने ज्वाइन किया था. उनके पास स्कूल की निशुल्क पाठ्य पुस्तक ओर लाइब्रेरी का चार्ज था, जिसे वह बड़ी जिम्मेदारी से करते थे. शिक्षक बड्डन लाल का स्वास्थ्य काफी समय से खराब चल रहा था जिसकी वजह से वह मानसिक रूप से परेशान चल रहे थे.जिसका इलाज जयपुर से इलाज चल रहा था. कई बार बाकी उन्हें छुट्टी लेने को कहा गया पर वह नहीं लेते थे. काम के प्रति सजग रहते थे.पूर्व में भी स्कूल में किसी तरह की कोई विवाद नहीं था.
सात टीचरों के खिलाफ केस दर्ज
सरकारी टीचर की आत्महत्या के बाद परिवार ने कथित मामले में कार्रवाई की मांग की. ग्रामीण स्कूल स्टाफ को एपीओ करने की मांग पर अड़े हुए है. मांग पर DSP शिवानी मौके पर पहुंचीं और गांववालों और परिवार को भरोसा दिलाया. उन्होंने कहा कि स्कूल के सात टीचरों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है.उनसे पूछताछ की जा रही है, जिसके आधार पर निष्पक्ष जांच कर मामले में कार्रवाई की जाएगी.
यह भी पढ़ें; Rajasthan: चित्तौड़गढ़ में केमिकल धमाके से उड़ी फैक्ट्री की छत, 5 किमी दूर तक सुनी गई आवाज