राजस्थान की राजनीति में महेन्द्रजीत सिंह मालवीय के कदम ने हलचल मचा दी है. उनके कांग्रेस ज्वॉइन करने के बाद कांग्रेस के कई पूर्व नेता भी घर वापसी की तैयारी में हैं. संभावना है कि जल्द ही कुछ और नेताओं की कांग्रेस में वापसी हो सकती है. हालांकि, मालवीय को लेकर भी कंफ्यूजन बरकरार है. मालवीय कह रहे हैं कि मैं कांग्रेस में आ गया, जबकि पार्टी प्रदेश अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा के बयान से फिलहाल ऐसा नहीं लग रहा है. उन्होंने मालवीया के पार्टी ज्वॉइन करने के फैसले पर पार्टी मीटिंग तक इंतजार करने का संकेत दिया है.
अनुशासन समिति में होगा फैसला
डोटासरा ने कहा कि पहले अनुशासन समिति की बैठक होगी. मीटिंग में मुहर के बाद ही कांग्रेस में शामिल होंगे. इससे पहले मालवीया ने कहा था कि उन्होंने भाजपा से जो उम्मीद की थी, उस पर पार्टी खरी नहीं उतरी. उन्होंने बीजेपी में दम घुटने की बात कहते हुए पार्टी छोड़ने का ऐलान किया था. साथ ही कहा था कि आने वाले चुनाव में कांग्रेस की जीत होगी और मैं अब कांग्रेस के लिए ही काम करूंगा.
आलाकमान को भी दी जाएगी सूचना
लेकिन, उनकी वापसी पर औपचारिक मुहर अनुशासन समिति ही लगाएगी. क्योंकि पार्टी किसी के बाहर जाने पर या निष्कासन, निलंबन के मामले में जब वापस लेती है तो अनुशासन समिति के जरिए ही प्रक्रिया पूरी करती है. अनुशासन समिति उसके आवेदन का या उसके मामले का अध्ययन करती है. उसके बाद संगठन को सिफारिश करती है, फिर पीसीसी चीफ और प्रदेश प्रभारी को मामले की जानकारी देते हैं. वहीं, मालवीया सीडब्ल्यूसी सदस्य भी रहे हैं. ऐसे में आलाकमान को भी इसकी जानकारी दी जाएगी.
ये नेता भी हो सकते हैं शामिल
बताया जा रहा है कि पार्टी में आने वाले नेताओं की फेहरिस्त लंबी हो सकती है. आने वाले दिनों में कांता भील, रामचंद्र सराधना, खिलाड़ी लाल बैरवा, गोपाल गुर्जर, कैलाश मीणा और महेश मोरदिया की वापसी संभव है. हालांकि अभी तक इस बारे में आधिकारिक सूचना सामने नहीं आई है.
यह भी पढ़ेंः राजस्थान के वागड़ की राजनीति में भूचाल, महेंद्रजीत मालवीया पर ACB छापा से आदिवासी समाज में आक्रोश