कांग्रेस नेता रफ़ीक खान बोले- विधानसभा को प्रचार मंच बनाना चाहती है सरकार, यह संसदीय व्यवस्था के खिलाफ

रफीक खान ने कहा कि भजन लाल सरकार अपनी झूठी शान और आत्मप्रशंसा को प्रदर्शित करने के लिए सदन का दुरुपयोग करना चाहती है.

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Rajasthan News: राजस्थान विधानसभा में कांग्रेस पार्टी के मुख्य सचेतक एवं आदर्श नगर विधायक रफीक खान ने कहा कि कल दिनांक 21 फरवरी, 2026 को सरकार के दो वर्षों की उपलब्धियों पर सदन में सरकार की ओर से रखा गया प्रस्ताव बेहद निंदनीय, दुर्भाग्यपूर्ण और संसदीय मर्यादाओं के विपरीत था.

रफीक खान ने कहा कि राजस्थान की भाजपा सरकार विधानसभा जैसे संवैधानिक मंच का उपयोग अपने प्रचार-प्रसार के लिए करना चाहती है, जो सरासर अनैतिक और अनुचित है. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा ने स्वयं कहा था कि सदन में वर्तमान भाजपा सरकार के दो वर्षों और कांग्रेस की पिछली सरकार के पांच वर्षों के विकास कार्यों की तुलना पर चर्चा की जाए. बिजनेस एडवाइजरी कमिटी की बैठक में भी संसदीय कार्यमंत्री द्वारा विपक्ष पर दबाव डालकर इस चर्चा के लिए सहमति ली गई थी.

''दो वर्षों की उपलब्धियों का प्रतिवेदन दुर्भाग्यपूर्ण''

किन्तु यह अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण रहा कि विधानसभा में टेबल पर मुख्यमंत्री ने अपनी सरकार के दो वर्षों की उपलब्धियों का प्रतिवेदन प्रस्तुत कर दिया. रफीक खान ने कहा कि प्रक्रिया नियमों के अंतर्गत सदन में बोर्ड, निगम और राजकीय उपक्रमों के प्रतिवेदनों पर चर्चा होती है. यदि दो सरकारों के कार्यकाल की तुलनात्मक चर्चा का विषय था, तो उसी अनुरूप प्रस्ताव प्रस्तुत किया जाना चाहिए था.

''संसदीय प्रक्रिया की भावना के अनुरूप नहीं''

उन्होंने कहा कि कार्यसूची और प्रस्ताव में “सरकार @ 2 वर्ष प्रगति एवं उत्कर्ष 2024-25-2026 प्रतिवेदन” पर विचार का उल्लेख किया गया, जो स्पष्ट रूप से नियमों के विरुद्ध है. सदन में नियम 263 के अंतर्गत प्रदेश में अकाल, बिजली, पेयजल, ओलावृष्टि से खराबा, आबकारी नीति या अन्य जनकल्याणकारी विषयों के संबंध में प्रस्ताव प्रस्तुत किए जाते हैं. किसी भी सरकार की उपलब्धियों के गुणगान के लिए अलग से प्रतिवेदन लाकर चर्चा करना संसदीय प्रक्रिया की भावना के अनुरूप नहीं है.

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''कांग्रेस सदन की गरिमा और संसदीय परंपराओं का सम्मान करती है''

रफीक खान ने कहा कि प्रत्येक वर्ष राज्यपाल के अभिभाषण, बजट भाषण और विभागों की अनुदान मांगों पर विस्तृत चर्चा के माध्यम से सरकार को अपनी उपलब्धियां बताने के पर्याप्त अवसर मिलते हैं. लेकिन भजन लाल सरकार अपनी झूठी शान और आत्मप्रशंसा को प्रदर्शित करने के लिए सदन का दुरुपयोग करना चाहती है. कांग्रेस पार्टी सदन की गरिमा और संसदीय परंपराओं का सम्मान करती है, इसलिए ऐसे प्रयासों का विरोध करना हमारा कर्तव्य है.