अलवर में बढ़ते प्रदूषण के चलते ग्रेप 4 नियम लागू, सभी निर्माण कार्यों पर लगी रोक

अलवर जिला प्रशासन हवा प्रदूषण के नियंत्रण के लिए इसके अलावा मैकेनिक मशीन से भी साफ-सफाई करवा रही है. वहीं, सड़कों पर जमा धूल को मशीन के द्वारा हटाया जा रहा है. ताकि आने-जाने वालों या यातायात के कारण धूल हवा में ना उड़े और सांस लेने में कोई परेशानी नहीं हो.

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Alwar:

Air Pollution News: राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र एनसीआर में आबोहवा बहुत दूषित हो चुकी है. हवा में जहर इस तरह फैल रहा है कि आमजन को अब सांस लेने में भी तकलीफ हो रही है. कुछ ऐसा ही हाल दिल्ली  से सटे राजस्थान के अलवर जिले का है, जहां हवा में बढ़ते प्रदूषण से निपटने के लिए प्रशासन ने ग्रेप 4 के तहत सभी निर्माण कार्यों रोक लगा दी है.

वायु प्रदूषण से सबसे ज्यादा तकलीफ उन लोगों को हो रही है जो मजदूरी का काम करते हैं या किसी श्वांस सम्बन्धी बीमारी से संक्रमित हैं

रिपोर्ट के मुताबिक ग्रेप 4 का जो भी इनका उल्लंघन करेगा उसके खिलाफ कानूनन कारवाई की जाएगी. अलवर जिला कलेक्टर अविचल चतुर्वेदी ने बताया कि एनसीआर में ग्रेप 4 नियम लागू हो गया है. इससे अब अलवर जिले में सभी निर्माण कार्यों पर पाबंदी लगा दी गई है.

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इस पाबंदी के तहत कोई भी पटाखे की बिक्री नहीं कर सकेगा और ना ही उनका इस्तेमाल कर सकेगा और जो भी इनका उल्लंघन करेंगे उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी. जिला प्रशासन की सबसे पहली प्राथमिकता यह है कि वायु की क्वालिटी को सुधारा जाए, जिसके लिए नगर निगम को निर्देश दिए गए हैं कि स्प्रिंकलर लगाकर सड़कों का छिड़काव करें.जिससे उड़ती हुई धूल नीचे जम जाए और दूषित धूल हवा में नहीं उड़े.

एक्यूआइ इंडेक्स के अनुसार अलवर में हवा अभी भी खराब स्थिति है. भिवाड़ी का एक्यूआई 371 है. जो गंभीर  स्थिति को दर्शाता है. सुबह-शाम हो रही स्मॉग से काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.

अलवर जिला प्रशासन हवा प्रदूषण के नियंत्रण के लिए इसके अलावा मैकेनिक मशीन से भी साफ-सफाई करवा रही है. वहीं, सड़कों पर जमा धूल को मशीन के द्वारा हटाया जा रहा है. ताकि आने-जाने वालों या यातायात के कारण धूल हवा में ना उड़े और सांस लेने में कोई परेशानी नहीं हो.

उन्होंने बताया कि प्रदूषण को रोकने के लिए औद्योगिक स्तर पर भी कार्रवाई की जा रही है. साथ ही सभी उद्योगपतियों को निर्देश दिया गया है कि वह प्रदूषण को कम करने में सहयोग करें. इसके अलावा अलवर जिले में खनन गतिविधियों पर पूरी तरह से रोक लगाई गई है. वहीं, अलवर शहर में बन रहे मेडिकल कॉलेज के निर्माण पर भी रोक लगा दी गई है. 

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