खाटूश्यामजी सहित सीकर के कई गांवों में भूकंप के झटके महसूस किए गए. शनिवार सुबह करीब 6:33 बजे तेज झटके महसूस हुए. पंखे हिलने लगे और किचन में रखे बर्तन गिर गए. दशहत में लोग घरों से बाहर निकल आए. लोग काफी देर तक घरों के बाहर खड़े रहे. खाटूश्यामजी में भी होटल और धर्मशालाओं में रुके लोग बाहर निकल आए. सीकर जिला हेडक्वार्टर से मिली जानकारी के अनुसार, भूकंप की तीव्रता रिक्टर पैमाने पर 4.3 मापी गई.
दो बार झटके महसूस हुए
लोग नींद में ही थे, और आंख नहीं खुली थी कि भूकंप के दो बार झटके महसूस हुए. ग्रामीणों से मिली जानकारी के अनुसार, सुबह 6:33 बजे एकाएक धरती हिलने जैसा महसूस हुआ, लोग डरकर अपने घरों से बाहर निकले. तभी एक बार और झटका महसूस हुआ. मुंबई से आया श्याम भक्त कैलाश अग्रवाल ने बताया, "मैंने जैसे ही गाड़ी रोकी, ऐसा लगा जैसे की मुझे चक्कर आ गया हो. कुछ समझ पाता उससे पहले ही दूसरा झटका भी महसूस हुआ, थोड़ी देर बाद पता चला कि चक्कर नहीं भूकंप आया है."
जान-माल का नुकसान नहीं
प्राप्त जानकारी के अनुसार, भूकंप का मुख्य केंद्र सीकर रहा. इसके आसपास के रानोली, खाटूश्यामजी, फतेहपुर और लक्ष्मणगढ़ सहित कई गांवों और शहरों में झटके महसूस किए गए. हालांकि, प्राथमिक जानकारी में किसी तरह के जान-माल के नुकसान की खबर नहीं है. जहां झटके महसूस किए गए हैं, वहां से जानकारियां प्रशासन ले रही है.
हिलने लगा पंखा
खाटूश्यामजी में एक मकान में भूकंप से एक पंखे के हिलने का वीडियो युवक ने अपने मोबाइल में कैद किया. साथ ही बाजार में एक दो दुकानों पर भी कुछ सामान भूकंप के झटके से नीचे गिरने की सूचना मिली है, हालांकि दुकानों में ज्यादा नुकसान की खबर नहीं है.