Kota News: पश्चिम एशिया में छिड़े ईरान युद्ध (Iran War) की आग अब आम भारतीय मुसाफिरों की जिंदगी तक पहुंच गई है. कोटा (Kota) के भीमगंज मंडी क्षेत्र की रहने वाली तान्या शर्मा, जो पिछले 4 साल से कनाडा (Canada) में पढ़ाई और जॉब कर रही थीं, इस वक्त अबू धाबी एयरपोर्ट (UAE Airport) पर फंस गई हैं. तान्या एक महीने की छुट्टी लेकर वतन लौट रही थीं, लेकिन युद्ध (Iran Israel War) के कारण हवाई सेवाएं रद्द होने से उनकी खुशियां चिंता में बदल गई हैं.
'ऑयल कंपनी में काम करती है मेरी बेटी'
तान्या के पिता राजीव शर्मा ने बताया कि उनकी बेटी कनाडा में एक ऑयल कंपनी में कार्यरत है. वह 4 साल बाद अपने परिवार से मिलने आ रही थी. उसे कनाडा से अबू धाबी होते हुए कनेक्टिंग फ्लाइट से मुंबई पहुंचना था. परिवार मुंबई एयरपोर्ट पर उसके स्वागत की तैयारी कर रहा था, लेकिन तभी खबर आई कि ईरान युद्ध के चलते अबू धाबी में हवाई सेवाएं ठप कर दी गई हैं.
कनाडा से लौट रही कोटा की लाडली बीच रास्ते फंसी
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'अबू धाबी एयरपोर्ट पर अफरा-तफरी का माहौल'
तान्या ने फोन पर परिवार को बताया कि अबू धाबी एयरपोर्ट पर भारी भीड़ और अफरा-तफरी का माहौल है. सुरक्षा कारणों से लोगों को एयरपोर्ट से बाहर निकाला जा रहा है. पिता राजीव शर्मा ने कहा, 'बेटी से बात हुई है, वह सुरक्षित स्थान की तलाश में एयरपोर्ट से बाहर निकल रही है. हम सभी गहरे सदमे और चिंता में हैं.'
लोकसभा स्पीकर ओम बिरला से लगाई गुहार
बेटी की सुरक्षा को लेकर चिंतित पिता राजीव शर्मा ने लोकसभा स्पीकर ओम बिरला (Om Birla) से संपर्क साधा है. उन्होंने भारत सरकार से हस्तक्षेप करने और तान्या सहित वहां फंसे अन्य भारतीयों को सुरक्षित वापस लाने की अपील की है. राजीव शर्मा ने दुबई और यूएई में रहने वाले अपने दोस्तों से भी संपर्क किया है ताकि बेटी को वहां कोई स्थानीय मदद मिल सके.
अमृतसर में सहेली की शादी और धार्मिक यात्रा का था प्लान
तान्या का यह दौरा बेहद खास था. उसने भारत आकर अमृतसर में अपनी सहेली की शादी में शामिल होने और कई धार्मिक स्थलों के दर्शन का प्रोग्राम बना रखा था. टिकट और सारी तैयारियां पूरी थीं, लेकिन युद्ध की विभीषिका ने सब कुछ अधर में लटका दिया है. पिता ने कहा, 'मैं भगवान से प्रार्थना करता हूं कि मेरी बेटी और वहां फंसे सभी लोग सुरक्षित रहें. सरकार से निवेदन है कि जल्द से जल्द हवाई सेवाएं बहाल हों या वैकल्पिक रास्ता निकाला जाए.'
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