Kota building collapse: कोटा में रेस्टोरेंट की इमारत गिरने के मामले से कई खुलासे हो रहे हैं. हालांकि अभी भी प्रशासन इस बात की पुष्टि करने में जुटा है कि आखिर हादसे की वजह क्या थी. प्रारंभिक तौर पर बिल्डिंग ढहने की वजह पास के खाली प्लॉट में चल रहे निर्माण कार्य को बताया जा रहा है. प्लॉट में पिछले 8 दिन से निर्माण कार्य चल रहा था. इस दौरान मशीनों से ड्रिलिंग का काम भी किया जा रहा था. बताया जा रहा है कि ड्रिलिंग के चलते इमारत में लगातार वाइब्रेशन हो रहा था. खुद रेस्टोरेंट में काम करने वाले कर्मचारी भी इसकी बात कह रहे हैं.
प्लॉट के मालिक से की थी शिकायत
एनडीटीवी से बातचीत में कर्मचारियों ने बताया कि इसके बारे में उन्होंने रेस्टोरेंट संचालक को भी बताया था. साथ ही प्लॉट मालिक से भी बात की गई थी. इसके जवाब में प्लॉट मालिक ने कहा कि उसने निर्माण कार्य की परमिशन ले रखी है.
एक्सपर्ट्स ने भी बताया ड्रिलिंग सुरक्षित नहीं
ड्रिलिंग के काम से जुड़े एक्सपर्ट बताते हैं कि मशीन से ड्रिलिंग करने की वजह से आसपास के मकान पर असर दिखाई देता है. एक्सपर्ट्स के मुताबिक, रिहायशी इलाकों और नजदीकी मकान होने पर मशीन की बजाय हाथों से ड्रिलिंग का कार्य करना ही सुरक्षित रहता है.
केस दर्ज की तैयारी में पुलिस
जाहिर तौर पर लापरवाही भारी पड़ी और हादसा हो गया. फिलहाल इस पूरे मामले में अब जवाहर नगर थाना पुलिस मुकदमा दर्ज करने की तैयारी कर रही है. घटनाक्रम के बारे में बिंदुवार जांच की जा रही है.
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