राजधानी जयपुर के आमेर थाना क्षेत्र में एक तेज रफ्तार स्विफ्ट कार ने ऐसा कहर बरपाया कि एक परिवार की खुशियां पलभर में उजड़ गईं. ढड गांव स्थित 200 फीट रोड पर स्कूल से घर लौट रही दो शिक्षिकाओं को एक तेज रफ्तार कार ने पीछे से जोरदार टक्कर मार दी. हादसा इतना भयावह था कि एक शिक्षिका की मौके पर ही मौत हो गई जबकि दूसरी गंभीर रूप से घायल होकर अस्पताल में जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रही हैं. दुर्घटना के बाद चालक कार मौके पर छोड़कर फरार हो गया.
राह चलते टक्कर मारी
पुलिस के अनुसार जयसिंहपुरा खोर निवासी ममता (46) पत्नी योगेश माहेश्वरी और अंजलि राजोरिया एक निजी स्कूल में शिक्षिका थीं.. दोनों स्कूल की छुट्टी के बाद बस पकड़ने के लिए सड़क किनारे पैदल जा रही थीं तभी पीछे से तेज रफ्तार स्विफ्ट कार ने उन्हें अपनी चपेट में ले लिया. टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि कार का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और दोनों शिक्षिकाएं दूर जा गिरीं. ममता की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई. वहीं घटना के तुरंत बाद स्थानीय लोगों ने घायल अंजलि राजोरिया को बलवीर सिंह तोमर अस्पताल पहुंचाया, जहां उनका उपचार जारी है
सूचना मिलते ही आमेर थाना पुलिस के हेड कांस्टेबल अमर सिंह मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया. पुलिस ने शव को आमेर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाकर पोस्टमार्टम कराया और बाद में परिजनों को सौंप दिया.दुर्घटना के बाद चालक कार छोड़कर फरार हो गया. पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है और फरार चालक की तलाश में जुटी हुई है.
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दो दिन पहले ही स्कूल में जॉइन किया था
इस हादसे की सबसे मार्मिक बात यह है कि घायल शिक्षिका अंजलि राजोरिया ने केवल दो दिन पहले ही स्कूल में अपनी नौकरी शुरू की थी. वहीं मारी गईं शिक्षिका ममता पिछले करीब 10 वर्षों से इसी स्कूल में विद्यार्थियों को शिक्षा दे रही थीं . टीचर की दुर्घटना में मौत की खबर से स्कूल परिसर में शोक की लहर दौड़ गई. सहकर्मियों ने उन्हें समर्पित, मेहनती और बेहद मिलनसार शिक्षिका बताया.ममता अपने पीछे तीन बच्चों को छोड़ गई हैं. उनके पति मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करते हैं इस दर्दनाक हादसे ने परिवार की दुनिया उजाड़ दी. घर में मातम पसरा है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है.
स्थानीय लोगों में आक्रोश सुरक्षा इंतजाम की मांग
हादसे के बाद स्थानीय लोगों ने 200 फीट रोड पर बेलगाम रफ्तार पर रोक लगाने, स्पीड कंट्रोल के पुख्ता इंतजाम, चेतावनी संकेतक,स्पीड ब्रेकर और नियमित पुलिस गश्त की मांग की है वही लोगों का कहना है कि इस सड़क पर तेज रफ्तार वाहन लगातार हादसों का कारण बन रहे हैं और समय रहते प्रभावी कदम नहीं उठाए गए तो भविष्य में और भी बड़े हादसे हो सकते हैं.
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