Alwar News: विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) ने राजस्थान के अलवर जिले (भिवाड़ी) में स्थित राजीव गांधी इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी एंड मैनेजमेंट (Rajeev Gandhi IT & Management College Alwar) को फर्जी (Fake) घोषित कर दिया है. यूजीसी ने शनिवार सुबह अपने आधिकारिक 'एक्स' अकाउंट पर एक सार्वजनिक नोटिस जारी कर देशभर के छात्रों और अभिभावकों को आगाह किया है कि इस संस्थान में दाखिला लेना उनके भविष्य के साथ बड़ा खिलवाड़ हो सकता है.
डिग्री की कोई कानूनी वैल्यू नहीं
यूजीसी सचिव प्रो. मनिष आर. जोशी द्वारा जारी आधिकारिक पत्र के अनुसार, यह संस्थान यूजीसी अधिनियम, 1956 की किसी भी धारा के तहत मान्यता प्राप्त नहीं है. आयोग ने स्पष्ट कर दिया है कि यह संस्थान न तो स्नातक (UG) और न ही स्नातकोत्तर (PG) डिग्री देने के लिए अधिकृत है. यहां से ली गई कोई भी डिग्री उच्च शिक्षा या सरकारी नौकरियों के लिए पूरी तरह से अमान्य होगी.
करियर को संकट में न डालें छात्र
आयोग ने सख्त लहजे में कहा है कि यह संस्थान नियमों की धज्जियां उड़ाकर अवैध रूप से डिग्रियां बांट रहा था. नोटिस में जनता को सचेत किया गया है कि ऐसे 'स्वयंभू' संस्थानों के झांसे में बिल्कुल न आएं. इस संस्थान का नाम अब यूजीसी की आधिकारिक 'फेक यूनिवर्सिटी' सूची में डाल दिया गया है.
दाखिले से पहले ऐसे करें जांच
यूजीसी ने अपील की है कि किसी भी कॉलेज में एडमिशन से पहले उसकी मान्यता की पुष्टि यूजीसी की वेबसाइट से जरूर करें. राजीव गांधी इंस्टीट्यूट जैसे अवैध संस्थानों में समय और पैसा बर्बाद करना करियर को बर्बाद करने जैसा है.
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