Vayushakti 2026 LIVE: राजस्थान का जैसलमेर जिला आज एक ऐतिहासिक सैन्य गौरव का गवाह बना है. देश की राष्ट्रपति और सशस्त्र बलों की सर्वोच्च कमांडर द्रौपदी मुर्मू (Droupadi Murmu) आज जैसलमेर वायुसेना स्टेशन (Jaisalmer Air Force Station) पर स्वदेशी ताकत के सबसे नए प्रतीक, हल्के लड़ाकू हेलीकॉप्टर (LCH) 'प्रचंड' में उड़ान भर रही हैं. यह वही मारक हेलीकॉप्टर है जिसे हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) ने रेगिस्तान की तपिश और सियाचिन जैसी दुर्गम ऊंचाइयों पर दुश्मनों के छक्के छुड़ाने के लिए बनाया है.
मुर्मू का यह सफर इसलिए भी खास है क्योंकि वह पहले ही राफेल और सुखोई-30 जैसे घातक विमानों में उड़ान भरकर अपनी निडरता साबित कर चुकी हैं.
29 अक्टूबर, 2025 को अंबाला वायुसेना स्टेशन पर राफेल विमान में उड़ान भरने से पहले जी-सूट पहने हुए राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की तस्वीर.
Photo Credit: IANS
कल शाम उनके जैसलमेर पहुंचने पर राज्यपाल हरिभाऊ बागडे और मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने गर्मजोशी से उनका स्वागत किया था.
पोकरण में गरजेंगे 120 विमान
जैसे-जैसे सूरज ढलेगा, पोकरण की फील्ड फायरिंग रेंज (Pokhran Firing Range) बारूद की गंध और जेट इंजनों की गर्जना से दहल उठेगी. वायु सैन्य अभ्यास वायु शक्ति–2026 (IAF's Vayu Shakti-2026) के लिए रणभेरी बज चुकी है. आज शाम राष्ट्रपति मुर्मू, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और तीनों सेना प्रमुखों की मौजूदगी में भारतीय वायुसेना अपनी 'जंग जीतने' की असली क्षमता दिखाएगी. इस मेगा शो में राफेल, सुखोई-30, मिराज 2000 और जगुआर जैसे 77 फाइटर जेट्स समेत कुल 120 से अधिक एयरक्राफ्ट आसमान से मौत बरसाएंगे. सुखोई दुश्मन के कमांड सेंटर तबाह करेंगे, तो प्रचंड हेलीकॉप्टर फॉरवर्ड फ्यूल डंप को निशाना बनाकर दुश्मन की कमर तोड़ देंगे.
जैसलमेर जिले के पोकरण रेंज में 'वायु शक्ति 2024' अभ्यास के दौरान की तस्वीर.
Photo Credit: IANS
पहली बार नाइट लैंडिंग करेगा C-295 विमान
इस बार का अभ्यास तकनीक और साहस का अनोखा संगम होगा. पहली बार C-295 विमान रात के घने अंधेरे में 'नाइट असॉल्ट लैंडिंग' का प्रदर्शन करेगा. वहीं, C-130J सुपर हरक्यूलिस विमान छोटे रनवे पर लैंड कर गरुड़ कमांडो को सीधे वॉर जोन में उतारकर पलक झपकते ही दोबारा टेकऑफ करता नजर आएगा.
इस बार तेजस की कमी खलेगी
हालांकि, इस बार स्वदेशी 'तेजस' की कमी खलेगी, क्योंकि एक हालिया तकनीकी गड़बड़ी के बाद सभी तेजस विमानों की गहन जांच की जा रही है.
सुरक्षा के मद्देनजर चांदन से पोकरण तक का पूरा क्षेत्र ‘नो-फ्लाई जोन' घोषित है और चप्पे-चप्पे पर सुरक्षा एजेंसियों की पैनी नजर है.
Here Are The Live Updates of IAF Vayu Shakti-2026 Exercise in Pokhran
एयर चीफ ने राष्ट्रपति मुर्मू को गिफ्ट की 'प्रचंड' उड़ान की पहली फोटो, यादगार बना पल
ऐतिहासिक उड़ान पूरी कर जैसलमेर एयरबेस पर उतरते ही राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का शानदार अभिनंदन किया गया. एयर चीफ मार्शल ए.पी. सिंह ने महामहिम को इस यादगार सफर के प्रतीक के रूप में एक विशेष मोमेंटो भेंट किया. लेकिन सबसे भावुक और खास पल वह था, जब वायुसेना प्रमुख ने राष्ट्रपति को 'प्रचंड' हेलीकॉप्टर के साथ उनकी सबसे पहली तस्वीर फ्रेम कराकर गिफ्ट की. यह तस्वीर उस समय ली गई थी जब राष्ट्रपति उड़ान भरने की तैयारी कर रही थीं.
'प्रचंड' हेलीकॉप्टर के कॉकपिट से राष्ट्रपति ने देश को दिया संदेश
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने विश्व प्रसिद्ध सोनार दुर्ग (जैसलमेर किला) के ऊपर से 'प्रचंड' उड़ान भरते हुए रेडियो के माध्यम से देश के नाम एक विशेष संदेश साझा किया. 'प्रचंड' हेलीकॉप्टर के कॉकपिट से राष्ट्रपति ने न केवल मरुधरा की सांस्कृतिक विरासत को निहारा, बल्कि भारतीय वायुसेना के शौर्य और देश की आत्मनिर्भरता को सलाम भी किया.
Vayushakti 2026 LIVE: सुरक्षित लैंडिंग के बाद 'प्रचंड' से बाहर आईं राष्ट्रपति मुर्मू
जैसलमेर और पोकरण के आसमान में स्वदेशी ताकत की गूंज भरने के बाद राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू अब सुरक्षित वापस लैंड कर गई हैं. करीब 25 मिनट के इस रोमांचक और साहसिक सफर में राष्ट्रपति ने स्वदेशी अटैक हेलीकॉप्टर 'प्रचंड' के कॉकपिट से भारत की सामरिक शक्ति को बहुत करीब से देखा.
जैसलमेर एयरबेस पर जैसे ही हेलीकॉप्टर के रोटर्स थमे और राष्ट्रपति को-पायलट की सीट से नीचे उतरीं, वायुसेना के अधिकारियों ने जोरदार तालियों के साथ उनका स्वागत किया.
यह सिर्फ एक लैंडिंग नहीं है, बल्कि आत्मनिर्भर भारत के उस आत्मविश्वास की जीत है, जिसमें देश की सर्वोच्च कमांडर ने खुद 'प्रचंड' पर भरोसा जताकर दुनिया को अपनी सैन्य मजबूती का संदेश दिया है. अब राष्ट्रपति एयरक्रू और ग्राउंड क्रू के साथ मुलाकात करेंगी और इस ऐतिहासिक अनुभव को साझा करेंगी.
जैसलमेर एयरबेस से एक साथ उड़े दो 'प्रचंड' हेलीकॉप्टर, एक में राष्ट्रपति मुर्मू और दूसरे में वायुसेना प्रमुख
जैसलमेर एयरबेस से इस वक्त की सबसे गौरवशाली तस्वीर सामने आई है, जहां एक नहीं बल्कि दो 'प्रचंड' लड़ाकू हेलीकॉप्टर्स ने एक साथ आसमान का सीना चीरते हुए उड़ान भरी है.
इनमें से एक हेलीकॉप्टर के कॉकपिट में देश की राष्ट्रपति और सशस्त्र बलों की सर्वोच्च कमांडर द्रौपदी मुर्मू को-पायलट के तौर पर मौजूद हैं, जबकि दूसरे हेलीकॉप्टर में वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल ए.पी. सिंह खुद उड़ान भर रहे हैं.
एक के बाद एक टेकऑफ करते इन स्वदेशी अटैक हेलीकॉप्टर्स की गर्जना ने न केवल जैसलमेर को दहला दिया है, बल्कि सीमा पार भी भारत की आत्मनिर्भरता और नारी शक्ति का स्पष्ट संदेश भेज दिया है. अब ये दोनों 'प्रचंड' पोकरण की ओर बढ़ रहे हैं, जहां वे वायुशक्ति अभ्यास की अभेद्य किलेबंदी का निरीक्षण करेंगे.
Vayushakti 2026 LIVE Updates: राष्ट्रपति मुर्मू ने भरी ऐतिहासिक उड़ान
इतिहास रच दिया गया है. राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को लेकर स्वदेशी अटैक हेलीकॉप्टर 'प्रचंड' ने जैसलमेर के रनवे को छोड़ दिया है और अब वह आसमान की ऊंचाइयों पर है. ग्रुप कैप्टन एन.एस. बहुआ के साथ को-पायलट की सीट पर बैठीं राष्ट्रपति ने जैसे ही टेकऑफ किया, पूरा एयरबेस इंजन की भीषण गर्जना से दहल उठा.
भारत-पाकिस्तान सीमा के पास राष्ट्रपति की यह उड़ान दुनिया को भारत की रक्षा आत्मनिर्भरता का सबसे कड़ा संदेश दे रही है. यह महज एक उड़ान नहीं, बल्कि मरुधरा के आसमान में नारी शक्ति और स्वदेशी तकनीक का वो संगम है, जिसे पूरी दुनिया टकटकी लगाए देख रही है.
अब राष्ट्रपति हवा के रास्ते पोकरण रेंज की ओर बढ़ रही हैं, जहाँ वे 'वायुशक्ति-2026' की तैयारियों का हवाई मुआयना करेंगी.
IAF Vayu Shakti 2026 LIVE Updates: हेलमेट पहनकर प्रचंड हेलीकॉप्टर में बैठीं राष्ट्रपति मुर्मू
इंतजार खत्म हुआ! देश की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू अब स्वदेशी अटैक हेलीकॉप्टर 'प्रचंड' के कॉकपिट में सवार हो चुकी हैं. जैसलमेर के टारमैक पर जैसे ही राष्ट्रपति ने हेलमेट और ग्लव्स के साथ कॉकपिट के अंदर अपनी सीट संभाली, वहां मौजूद वायुसेना के जांबाजों का उत्साह दोगुना हो गया.
पायलट ग्रुप कैप्टन एन.एस. बहुआ ने चेकलिस्ट पूरी कर ली है. हेलीकॉप्टर के रोटर्स (पंखे) तेजी से घूमने लगे हैं. अगले कुछ ही सेकंड्स में राष्ट्रपति मुर्मू को-पायलट के तौर पर भारत की इस 'विनाशकारी' स्वदेशी शक्ति के साथ जैसलमेर के आसमान में इतिहास रचने के लिए टेकऑफ करेंगी.
यहां देखें LIVE
Vayushakti 2026 LIVE: उड़ान के लिए तैयार, कॉकपिट की ओर बढ़ीं राष्ट्रपति मुर्मू
जैसलमेर एयरबेस के गेस्ट लाउंज में सॉर्टी ब्रीफिंग की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है और अब राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू सीधे रनवे (टारमैक) पर पहुंच गई हैं. इस वक्त स्वदेशी अटैक हेलीकॉप्टर 'प्रचंड' की पृष्ठभूमि में राष्ट्रपति का आधिकारिक फोटोसेशन चल रहा है. चेहरे पर आत्मविश्वास और आंखों में वायुसेना के प्रति गर्व लिए, राष्ट्रपति अब से बस कुछ ही मिनटों में कॉकपिट के अंदर प्रवेश करेंगी. हेलमेट और ग्लव्स पहनकर जैसे ही वह को-पायलट की सीट संभालेंगी, ग्रुप कैप्टन एन.एस. बहुआ इस स्वदेशी शक्ति को मरुधरा के आसमान में ले उड़ेंगे. एयरबेस पर इंजन की गड़गड़ाहट तेज हो चुकी है और पूरा माहौल देश की सर्वोच्च कमांडर की इस साहसिक उड़ान के लिए जोश से भरा हुआ है.
Vayushakti 2026 LIVE Updates: जैसलमेर एयरबेस पहुंचीं राष्ट्रपति मुर्मू, कुछ ही देर में 'प्रचंड' से भरेंगी उड़ान
जैसलमेर के वायुसेना स्टेशन पर हलचल तेज हो गई है क्योंकि देश की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू वहां पहुंच चुकी हैं. एयर चीफ मार्शल ए.पी. सिंह ने प्रोटोकॉल के साथ उनका स्वागत किया.
अब से कुछ ही पलों बाद राष्ट्रपति स्वदेशी अटैक हेलीकॉप्टर 'प्रचंड' के कॉकपिट में को-पायलट के तौर पर नजर आएंगी.
इस ऐतिहासिक मिशन की कमान पायलट ग्रुप कैप्टन एन.एस. बहुआ के हाथों में होगी.
राष्ट्रपति हवा के रास्ते सीधे पोखरण की ओर निकलेंगी, जहां वे 'वायु शक्ति-2026' के अभ्यास स्थल का हवाई मुआयना करेंगी.
सरहद के इतने करीब राष्ट्रपति का को-पायलट बनकर उड़ना न केवल जवानों का हौसला बढ़ाएगा, बल्कि भारतीय रक्षा तकनीक की ताकत को भी पूरी दुनिया के सामने पेश करेगा.
Vayushakti 2026 LIVE: एक के बाद एक, कुल दो 'प्रचंड' हेलीकॉप्टर भरेंगे उड़ान
जैसलमेर एयरफोर्स स्टेशन से आज सुबह भारतीय सेनाओं की सुप्रीम कमांडर, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, स्वदेशी अटैक हेलीकॉप्टर 'प्रचंड' में एक ऐतिहासिक उड़ान भरेंगी. इस मिशन में राष्ट्रपति सह-पायलट (Co-pilot) की भूमिका में होंगी, जबकि मुख्य पायलट के तौर पर ग्रुप कैप्टन एन.एस. बहुआ हेलीकॉप्टर की कमान संभालेंगे.
आत्मनिर्भर भारत का दम दिखाने के लिए राष्ट्रपति के साथ-साथ वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल ए.पी. सिंह भी एक अन्य 'प्रचंड' हेलीकॉप्टर में उड़ान भरेंगे.
एक के बाद एक, कुल दो 'प्रचंड' हेलीकॉप्टर जब जैसलमेर के आसमान को चीरते हुए निकलेंगे, तब राष्ट्रपति सीधे हवा से 'वायु शक्ति-2026' के अभ्यास स्थल का हवाई मुआयना करेंगी और सीमावर्ती क्षेत्रों में सेना की तैयारियों का जायजा लेंगी.
IAF Vayu Shakti 2026 LIVE Updates: आज शाम 120 से ज्यादा फाइटर जेट्स पोखरण फायरिंग रेंज में दिखाएंगे दम
भारतीय वायुसेना ने 'वायु शक्ति-2026' के लिए अपनी तैयारी पूरी कर ली है और सोशल मीडिया पर "Infallible, Impervious and Precise" के उद्घोष के साथ अपनी अटूट शक्ति का संदेश दिया है.
फुल ड्रेस रिहर्सल के दौरान पोखरण रेंज में सभी लक्ष्यों को सफलतापूर्वक ध्वस्त करने के बाद अब वायुसेना के योद्धा आज यानी 27 फरवरी को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के सामने अपनी मारक क्षमता का प्रदर्शन करने के लिए पूरी तरह 'मिशन-रेडी' मोड में हैं.
आज सुबह जहां राष्ट्रपति स्वदेशी अटैक हेलीकॉप्टर 'प्रचंड' में को-पायलट बनकर इतिहास रचेंगी, वहीं शाम 4:40 बजे से दुनिया पोखरण के आसमान में 120 से ज्यादा फाइटर जेट्स का वो रौद्र रूप देखेगी, जिसका ट्रेलर वायुसेना ने कल ही जारी कर दिया था.
Vayushakti 2026 LIVE: दुश्मन की सरहद के करीब को-पायलट सीट पर बैठेंगी राष्ट्रपति मुर्मू
अत्याधुनिक हथियारों से लैस स्वदेशी अटैक हेलीकॉप्टर 'प्रचंड' में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू सह-पायलट के रूप में मौजूद रहकर न केवल रेगिस्तानी इलाके का हवाई निरीक्षण करेंगी, बल्कि युद्धाभ्यास क्षेत्र की जमीनी तैयारियों और ऊंचाई वाले दुर्गम इलाकों में ऑपरेशन की मारक क्षमता का जायजा भी लेंगी.
यह पहला मौका होगा जब देश की सर्वोच्च कमांडर सीमा से सटे संवेदनशील क्षेत्र में किसी अटैक हेलीकॉप्टर से उड़ान भरकर सरहद पर तैनात जांबाजों के मनोबल को नई ऊर्जा देंगी.
इससे पहले सुखोई-30 MKI और राफेल जैसे घातक लड़ाकू विमानों में अपनी शक्ति का परिचय दे चुकीं राष्ट्रपति की यह उड़ान जैसलमेर के आसमान में 'आत्मनिर्भर भारत' की गूंज को विश्वभर में फैलाएगी.
Vayushakti 2026 LIVE Updates: प्रचंड हेलीकॉप्टर में 25 मिनट उड़ान भरेंगी राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के तय कार्यक्रम के अनुसार, सुबह 9:15 बजे वायुसेना स्टेशन पहुंचने पर एयर चीफ मार्शल उनका स्वागत करेंगे, जिसके बाद अतिथि लाउंज में उन्हें उड़ान की बारीकियों से अवगत कराया जाएगा.
गोल्फ कार्ट के जरिए टारमैक तक पहुंचने के बाद, राष्ट्रपति प्रचंड की पृष्ठभूमि में आधिकारिक तस्वीरें खिंचवाएंगी और ठीक 9:42 बजे हेलमेट व ग्लव्स पहनकर कॉकपिट में प्रवेश करेंगी.
सुबह 9:50 बजे स्टार्ट-अप और टैक्सी प्रक्रिया के बाद, 10:10 बजे दो हेलीकॉप्टर एक साथ सीमावर्ती क्षेत्रों के लिए उड़ान भरेंगे.
करीब 25 मिनट की इस साहसिक उड़ान के बाद 10:35 बजे लैंडिंग होगी, जिसके पश्चात राष्ट्रपति एयरक्रू और ग्राउंड क्रू के साथ ग्रुप फोटो खिंचवाएंगी, कैप्टन को सम्मानित करेंगी और विजिटर्स बुक में अपने अनुभव साझा कर 11:15 बजे स्टेट गेस्ट हाउस के लिए प्रस्थान करेंगी.