सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को एक महत्वपूर्ण टिप्पणी करते हुए संकेत दिया कि राजस्थान, मध्यप्रदेश और उत्तर प्रदेश में फैले राष्ट्रीय चंबल अभयारण्य क्षेत्र में अवैध रेत (बजरी) खनन को रोकने में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है। जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस संदीप मेहता की पीठ ने स्वत: संज्ञान लेते हुए इस मामले की सुनवाई की और स्पष्ट किया कि संरक्षित क्षेत्र में वन्यजीवों के प्राकृतिक आवास (हेबिटाट) को नुकसान पहुंचाने वाला कोई भी कार्य गंभीर अपराध की श्रेणी में आता है। #supremecourt #illegalmining #rajasthan #topnews