राजस्थान (Rajasthan) का ऐतिहासिक शहर चित्तौड़गढ़ अपनी वीरता और बलिदान की कहानियों के लिए प्रसिद्ध है. यहां होली के 13 दिन बाद रंग तेरस पर होली खेलने की परंपरा निभाई जाती है, जिसका संबंध 457 साल पहले हुए चित्तौड़ के तीसरे साके से है. 25 फरवरी 1568 को मुगल शासक अकबर की सेना ने चित्तौड़गढ़ पर भयंकर आक्रमण किया था, जिसके बाद राजपूतों ने युद्धभूमि में शौर्य का प्रदर्शन करते हुए रक्त की होली खेली थी. इसी दिन के स्मरण में आज भी चित्तौड़गढ़वासी रंग तेरस पर होली मनाते हैं, और इस दिन शहर में अवकाश भी रहता है.