Jaisalmer Suspicious Death Investigation: राजस्थान के जैसलमेर में जी.डी. कल्ला कॉलोनी स्थित नगर परिषद के डंपिंग यार्ड से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है. जहां मेटेरियल रिकवरी फैसिलिटी (MRF) सेंटर में एक श्रमिक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के बाद पुलिस को बगैर सूचना दिए बिना रातों-रात उसे दफना दिया गया. घटना 27 जून की है. दो दिन बाद मजदूर के रिश्तेदार की असलियत का पता लगने के बाद उसने मामले की जानकारी पुलिस को दी. जिसके बाद मामले पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट के आदेश के बाद मजदूर की लाश को कब्र से निकालकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा, जिससे मौत की असली वजह का पता चल सके.
प्लांट में फंदा लगाकर आत्महत्या करने की बात कही
पुलिस के अनुसार, मृतक की पहचान भीलवाड़ा जिले के आमली निवासी 38 साल के रतननाथ कालबेलिया के रूप में हुई है, जो नगर परिषद के डंपिंग यार्ड में ठेके पर मजदूरी करता था. प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक ठेकेदार से पूछताछ करने पर सामने आया था कि उसने MRF प्लांट में फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली थी. मौत के बाद अन्य श्रमिक साथियों ने पुलिस को सूचना देने के बजाय शव को पास स्थित नगर परिषद के खाली भूखंड में उसे दफना दिया. जिसके बाद मामला और संदिग्ध तब बन गया जब डंपिंग यार्ड का ठेकेदार लादूनाथ और उसके अन्य साथी अपने परिवार सहित गायब हो गये थे. लेकिन पुलिस ने पुलिस ने तत्परता दिखते हुए रविवार रात ठेकेदार लादू नाथ एवं उसके साथी को दस्तयाब कर लिया था.
पुलिस को सूचना देने की बजाया शव को दफनाया
मामले को लेकर सिटी सीओ रूप सिंह इंदा ने बताया कि 28 जून की दोपहर कोतवाली थाना पुलिस को सूचना मिली कि रतननाथ ने आत्महत्या की है और शव को पहले ही दफना दिया गया है. सूचना मिलते ही शहर कोतवाल सूरजाराम चौधरी पुलिस जाब्ते के साथ मौके पर पहुंचे और मामले की जांच शुरू की. जांच के दौरान सामने आया कि मौत के बाद कानूनी प्रक्रिया अपनाने के बजाय शव को जल्दबाजी में दफना दिया गया है. इस पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए ठेकेदार लादू नाथ सहित दो लोगों को डिटेन कर पूछताछ शुरू कर दी है. पूछताछ में फिलहाल आत्महत्या की बात सामने आई है, लेकिन पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने तक किसी भी निष्कर्ष पर नहीं पहुंचा जा सकता. वहीं अन्य संदिग्धों की तलाश भी जारी है.
शव को दफनाने के रहस्य की जांच में जुटी पुलिस
फिलहाल पुलिस हर पहलू को ध्यान में रखते हुए मामले की जांच कर रही है. साथ ही इस बात की भी जांच कर रही है कि आखिर मौत के बाद शव को छिपाने की इतनी जल्दबाजी क्यों की गई. और उसे दफना क्यों दिया.
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