ACB Action: भ्रष्टाचार के खिलाफ जारी मुहिम के तहत ए.सी.बी. भीलवाड़ा ने बड़ी सफलता हासिल की है. कोतवाली थाने के कॉन्स्टेबल रज्जाक मोहम्मद को 6 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया है. आरोपी पुलिस फाइल में जल्दी कार्रवाई करने के एवज में परिवादी से लगातार पैसों की मांग कर रहा था.
क्या था पूरा मामला?
शिकायतकर्ता ने ए.सी.बी. में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि कोतवाली थाने में दर्ज एक पुराने मामले (एफआईआर नंबर 458/22) में उसे बार-बार थाने बुलाकर परेशान किया जा रहा है. जांच अधिकारी एएसआई मदनलाल जांगिड़ थे, लेकिन फाइल का काम कॉन्स्टेबल रज्जाक मोहम्मद देख रहे थे. परिवादी का आरोप था कि रज्जाक ने फाइल पर त्वरित कार्रवाई के नाम पर उससे कुल 20 हजार रुपये मांगे थे. बाद में सौदा 15 हजार में तय हुआ, जिसमें से 5 हजार रुपये आरोपी पहले ही ले चुका था. शेष राशि के लिए वह लगातार दबाव बना रहा था.
ए.सी.बी. ने बिछाया जाल
परिवादी की शिकायत पर 29 जून को ए.सी.बी. भीलवाड़ा-प्रथम ने सत्यापन किया, जिसमें रिश्वत की मांग की पुष्टि हो गई. मंगलवार (30 जून) को ए.सी.बी. अजमेर रेंज के डीआईजी नारायण टोगस के निर्देशन में डीएसपी पारसमल की टीम ने जाल बिछाया. जैसे ही कॉन्स्टेबल रज्जाक ने परिवादी से 6 हजार रुपये लिए और उसे अपनी मोटरसाइकिल पर रखे बैग में छिपाया, टीम ने उसे दबोच लिया. ए.सी.बी. ने रिश्वत की राशि बरामद कर ली है और आरोपी से गहन पूछताछ की जा रही है.
रिश्वत की तुरंत करें शिकायत
ए.सी.बी. के अधिकारियों ने बताया कि आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है. विभाग ने आमजन से अपील की है कि यदि कोई सरकारी कर्मचारी अवैध रूप से रिश्वत मांगता है, तो वे तुरंत भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो की टोल फ्री हेल्पलाइन नंबर 1064 या व्हाट्सएप नंबर 9413502834 पर 24×7 संपर्क करें. ए.सी.बी. आपकी पहचान गुप्त रखते हुए सहायता करेगी.
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