ऑनलाइन दवा मंगा रहे हैं तो हो जाएं सावधान, नहीं तो खाली हो जाएगा खाता; ल‍िंक और फर्जी विज्ञापनों का बिछाया जाल

साइबर ठग दवाई की होम ड‍िलीवरी का लालच देकर लोगों के बैंक खाते खाली कर देते थे. डीग पुल‍िस ने इसका भंडाफोड़ क‍िया है. 

विज्ञापन
Read Time: 2 mins
डीग पुल‍िस अधीक्षक (SP) शरण गोपीनाथ के. ने साइबर ठगों के खिलाफ ऑपरेशन एंटीवायरस चलाया.

डीग पुल‍िस अधीक्षक (SP) शरण गोपीनाथ के. के निर्देशन में डीग पुलिस ने 'ऑपरेशन एंटीवायरस' चलाया. पुलिस की अलग-अलग टीमों ने कुल 7 साइबर ठगों को गिरफ्तार किया, और एक नाबालिग को निरुद्ध किया है. ठगों के पास से ठगी में इस्तेमाल होने वाले 5 एंड्रॉयड मोबाइल भी बरामद किए गए.

मोबाइल में मिले सबूत  

कामां थाना पुलिस और बृज नगर क्षेत्र में पुलिस ने 3 शातिर साइबर ठगों को गिरफ्तार किया, जबकि 1 नाबालिग को संरक्षण में लिया गया. इनके पास से मिले मोबाइल फोन की शुरुआती जांच में ठगी के कई चौंकाने वाले सबूत मिले हैं. इसके साथ ही, कामां पुलिस ने लंबे समय से फरार चल रहे 4 अन्य वांटेड ठगों को भी दबोचा. 

Advertisement

बैंक खाते कर देते थे साफ 

जांच में सामने आया कि ये ठग लोगों को दवाइयों की 'होम डिलीवरी' का झांसा देकर शिकार बनाते थे. दवाइयों की होम डिलीवरी के नाम पर फर्जी विज्ञापन और लिंक फैला रखे थे.  जैसे ही कोई जरूरतमंद इनसे संपर्क करता, ये लिंक भेजकर या एडवांस पेमेंट के नाम पर उनके बैंक खाते साफ कर देते थे. 

पुलिस ने ऑपरेशन एंटीवायरस चलाया 

पुलिस अधीक्षक शरण गोपीनाथ के. ने साफ किया है कि जिले में साइबर ठगी और अपराधियों के लिए कोई जगह नहीं है.  'ऑपरेशन एंटीवायरस' के जरिए हर उस अपराधी तक पुलिस पहुंचेगी जो मासूम लोगों की गाढ़ी कमाई लूट रहा है. 

यह भी पढ़ें: राजस्‍थान में आंधी-बार‍िश और ओलावृष्‍ट‍ि का तांडव, 29 जिलों में येलो अलर्ट