डकैत जगन गुर्जर हत्याकांड के बाद सरकार और जेल प्रशासन ने बड़ा कदम उठाते हुए गैंगस्टर पप्पू गुर्जर को अजमेर हाई सिक्योरिटी जेल से दौसा जेल शिफ्ट करने का निर्णय लिया है. जेल प्रशासन ने ट्रांसफर के आदेश जारी कर दिए हैं, और मंगलवार सुबह कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच पप्पू गुर्जर को दौसा जेल ले जाया गया. इस दौरान पुलिस और जेल प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर रहा, और रास्ते में विशेष सुरक्षा इंतजाम किए गए.
पप्पू गुर्जर का ट्रांसफर मंजूर
जगन गुर्जर की हत्या के बाद उसके परिजन और बेटे आसाराम गुर्जर ने सरकार के सामने कई मांगें रखी थीं. इनमें मुख्य मांग पप्पू गुर्जर को अजमेर जेल से हटाकर किसी अन्य जेल में शिफ्ट करने की थी. परिजनों का आरोप था कि अजमेर जेल में उसकी मौजूदगी से सुरक्षा संबंधी खतरे बने हुए हैं, और इससे तनाव का माहौल बना हुआ है. सरकार ने परिजनों की इस मांग पर कार्रवाई करते हुए पप्पू गुर्जर का ट्रांसफर मंजूर कर लिया.
भारी पुलिस सुरक्षा में किया गया शिफ्ट
सूत्रों के अनुसार, जगन गुर्जर हत्याकांड के बाद खुफिया एजेंसियों और पुलिस ने सुरक्षा का आकलन किया था. रिपोर्ट में संभावित गैंगवार और कानून-व्यवस्था पर असर की आशंका जताई गई थी, जिसके बाद जेल विभाग ने पप्पू गुर्जर को दौसा जेल भेजने का फैसला लिया. मंगलवार सुबह भारी पुलिस जाब्ते के साथ उसे अजमेर जेल से रवाना किया गया.
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह कदम सुरक्षा कारणों और जेल प्रशासन की अनुशंसा के आधार पर उठाया गया है. जगन गुर्जर के परिजनों ने सरकार के इस फैसले को उनकी मांगों की दिशा में पहला बड़ा कदम बताते हुए आगे भी अन्य मांगों पर कार्रवाई की अपेक्षा जताई है.
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