महेंद्रजीत सिंह मालवीय के बगावत के बाद शुरू हुआ कांग्रेस में डैमेज कंट्रोल, गहलोत से मिले तीन विधायक

मालवीया के साथ घाटोल विधायक नानालाल निनामा के भी बीजेपी का दामन थामने की बात सामने की बात जैसे ही चर्चा में आई. वैसे ही कांग्रेस ने डैमेज कंट्रोल करते हुए तुरंत ही सभी को जयपुर बुला लिया

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अशोक गहलोत के घर विधायकों की मीटिंग

Rajasthan Congress: कांग्रेस के कद्दावर नेता महेंद्रजीत सिंह मालवीय (Mahendrajeet Singh Malviya) ने दशकों बाद कांग्रेस का साथ छोड़ दिया है. वहीं, अब वह बीजेपी के साथ जाने की कवायद कर रहे हैं. वैसे तो कांग्रेस को यह सबसे बड़ा झटका है. क्योंकि लोकसभा चुनाव सिर पर है और कांग्रेस के सीटिंग एमएलए अगर बीजपी में जा रहे हैं तो इससे साफ है कि कांग्रेस बैकफुट पर आ गई है. जहां कांग्रेस को लोकसभा चुनाव के लिए उम्मीदवार की तलाश है. वहीं दूसरी ओर विधायक बगावत कर रहे हैं. यह बड़ी बात है. इस बीच कांग्रेस के अंदर डैमेज कंट्रोल भी शुरू हो गया है. महेंद्रजीत सिंह मालवीय के बीजेपी में शामिल होने के बाद घाटोल विधायक नानालाल निनामा के भी बीजेपी में शामिल होने की बात सामने आई थी.

अशोक गहलोत से मिलने पहुंचे तीन विधायक

महेंद्रजीत सिंह मालवीय द्वारा बीजेपी में शामिल होने की कवायद के बीच कांग्रेस पार्टी ने डैमेज कंट्रोल करना शुरू कर दिया है. इस बीच वागड़ के तीन विधायकों सहित अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सदस्य दिनेश खोड़निया को जयपुर बुलाकर मुलाकात का दौर शुरू हो गया है. इस दौरान बांसवाडा विधायक अर्जुन सिंह बामनिया, घाटोल विधायक नानालाल निनामा, कुशलगढ़ विधायक रमिला खड़िया और पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के करीबी और AICC सदस्य दिनेश खोड़निया ने पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से मुलाकात की है.

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मालवीया के साथ घाटोल विधायक नानालाल निनामा के भी बीजेपी का दामन थामने की बात सामने की बात जैसे ही चर्चा में आई. वैसे ही कांग्रेस ने डैमेज कंट्रोल करते हुए तुरंत ही सभी को जयपुर बुला लिया और अशोक गहलोत से जयपुर में मुलाकात की और आगामी रणनीति पर चर्चा की.

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किस बात पर हुई चर्चा

जानकारी के अनुसार इस दौरान कांग्रेस नेता राहुल गांधी की भारत जोड़ो न्याय यात्रा और लोकसभा चुनाव को लेकर वागड़ के कांग्रेस नेताओं के साथ पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से मुलाकात की और चर्चा की. वहीं इस दौरान यह भी चर्चा हुई कि मालवीया के जाने के बाद वागड़ क्षेत्र में कांग्रेस किस तरह इसकी क्षतिपूर्ति कैसे कर सकती है. वहीं इस बात पर चर्चा होने की जानकारी है कि लोकसभा चुनाव में यदि भारत आदिवासी पार्टी के साथ गठबंधन किया जाए तो क्या लोकसभा चुनाव में भाजपा और मालवीय को उसका जवाब दिया जा सकता है इसको लेकर भी चर्चा की गई है.

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