Rajasthan: धीरेंद्र शास्त्री को अंधविश्वासी बताने वाले IPS पर रेप का केस, महिला बोली- 'सरकारी आवास पर बुलाकर की जबरदस्ती'

जयपुर में तैनात IPS किशन सहाय के खिलाफ 53 वर्षीय महिला ने रेप का केस दर्ज कराया है. महिला का आरोप है कि IG ने शादी का झांसा देकर उनके साथ मारपीट और जबरदस्ती की. विवादों से पुराना नाता रखने वाले किशन सहाय हाल ही में भगवान और संतों पर अपनी टिप्पणियों को लेकर चर्चा में थे.

विज्ञापन
Read Time: 3 mins
IPS किशन सहाय की बढ़ी मुश्किलें, रेप का मुकदमा दर्ज; धीरेंद्र शास्त्री और भगवान पर बयान देकर आए थे चर्चा में. (फाइल फोटो)
NDTV Reporter

Jaipur News: राजस्थान पुलिस के आईजी (मानवाधिकार) IPS किशन सहाय मीणा एक बार फिर बड़ी मुश्किल में फंस गए हैं. जयपुर के मालवीय नगर थाने में एक 53 वर्षीय महिला ने कोर्ट के जरिए (इस्तगासा) उनके खिलाफ दुष्कर्म और मारपीट का गंभीर मुकदमा दर्ज कराया है.

पीड़िता ने लगाए रोंगटे खड़े करने वाले आरोप

महिला ने FIR में विस्तार से बताया है कि IPS किशन सहाय ने उन्हें शादी का झांसा दिया और अपने सरकारी आवास पर बुलाया. सरकारी आवास पर बुलाकर उनके साथ जबरदस्ती की गई और विरोध करने पर मारपीट भी हुई. आरोप है कि IPS ने महिला का मोबाइल छीनकर बंद कर दिया और शिकायत न करने की धमकी दी. महिला का कहना है कि उन्हें पिछले 3 महीने से वीडियो कॉल के जरिए धमकाया जा रहा था. डर के कारण उन्होंने दूसरे राज्य से डाक के जरिए अपनी शिकायत भेजी.

Advertisement

IPS किशन सहाय का पक्ष: "यह एक साजिश है"

इन आरोपों पर सफाई देते हुए IPS किशन सहाय ने कहा कि वह 'विज्ञानवादी' सोच रखते हैं और उसी पर बात करते हैं, इसलिए उनके खिलाफ साजिश रची जा रही है. फिलहाल, इस पूरे मामले की जांच एडिशनल SP जिज्ञासा शर्मा को सौंपी गई है.

विवादों से है पुराना नाता, संतों और भगवान पर की थी टिप्पणी

किशन सहाय का नाम अक्सर विवादों में रहता है. हाल ही में एक पॉडकास्ट के दौरान उन्होंने प्रेमानंद महाराज और पंडित धीरेंद्र शास्त्री को अंधविश्वासी करार दिया था. भगवान, अल्लाह और वाहेगुरु को काल्पनिक बताते हुए कहा था कि इनमें कोई दम नहीं है. उन्होंने यहां तक कह दिया था कि धर्मग्रंथों से हिम्मत मिलना सिर्फ एक भ्रम है और भगवान ने कभी किसी देश को गुलाम होने से नहीं बचाया.

सस्पेंड भी हो चुके हैं किशन सहाय

आपको बता दें कि किशन सहाय हाल ही में सस्पेंड भी हुए थे. झारखंड विधानसभा चुनाव के दौरान उनकी ड्यूटी लगाई गई थी, लेकिन वे बिना किसी सूचना के जयपुर वापस लौट आए. चुनाव आयोग की सख्ती के बाद राजस्थान के मुख्य सचिव और DGP ने उन्हें सस्पेंड करने के आदेश जारी किए थे.

ये भी पढ़ें:- IPS किशन सहाय मीणा फिर बहाल, झारखंड चुनाव ड्यूटी छोड़ने के कारण EC ने किया था सस्पेंड

Advertisement