जयपुर में 26 करोड़ की ठगी का खुलासा, सिलीगुड़ी से गिरफ्तार हुआ मास्टरमाइंड

राजस्थान में जयपुर की बनीपार्क थाना पुलिस ने 26 करोड़ की ठगी करने वाले अंतरराज्यीय गैंग के दो इनामी आरोपियों को सिलीगुड़ी से गिरफ्तार किया है. रेडियो एक्टिव प्लेट और एंटीक वस्तुओं के नाम पर करोड़ों की ठगी की गई थी. 

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जयपुर में पुलिस ने 26 करोड़ की ठगी का खुलासा किया है.

Rajasthan News: राजस्थान के जयपुर की बनीपार्क थाना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अंतरराज्यीय ठगी गिरोह के दो मुख्य आरोपियों को पश्चिम बंगाल के सिलीगुड़ी से गिरफ्तार किया है. डीसीपी वेस्ट हनुमान प्रसाद के निर्देश पर की गई इस कार्रवाई में 10-10 हजार रुपये के इनामी बदमाश विनय उर्फ बिनय पोद्दार और विकास उर्फ बिकास पोद्दार को पकड़ा गया. दोनों वर्ष 2019 से फरार चल रहे थे.

रेडियो एक्टिव प्लेट से ऐसे फंसाते थे शिकार

गिरोह अलग अलग नामों से फर्जी कंपनियां बनाकर जयपुर मुंबई दिल्ली और अन्य शहरों में ऑफिस खोलता था. आरोपी “रेडियो एक्टिव प्लेट” “एंटीक पेंटिंग” “मैजिक मिरर” “करामती चश्मा” और “सुलेमानी माला” जैसी वस्तुओं को दुर्लभ और अत्यंत कीमती बताकर निवेश का लालच देते थे. भरोसा जीतने के लिए नासा भाभा एटॉमिक रिसर्च सेंटर और डीआरडीओ के फर्जी दस्तावेज भी दिखाए जाते थे.

5.05 करोड़ की शिकायत से खुला राज

हैदराबाद के एक व्यापारी से 5.05 करोड़ रुपये की ठगी की शिकायत दर्ज होने के बाद यह मामला उजागर हुआ. जांच में सामने आया कि गिरोह ने कोलकाता इंदौर दिल्ली जयपुर सहित कई शहरों में कारोबारियों को निशाना बनाया. दर्ज मामलों के आधार पर अब तक करीब 26 करोड़ रुपये की ठगी सामने आ चुकी है.

फार्महाउस पर होती थी फर्जी टेस्टिंग

आगरा रोड स्थित एक फार्महाउस पर कथित केमिकल टेस्टिंग की जाती थी. टेस्टिंग फीस के नाम पर लाखों रुपये वसूले जाते थे. बार बार टेस्ट फेल बताकर दोबारा रकम ली जाती थी. पहले की कार्रवाई में पुलिस ने यहां से फर्जी पेंटिंग चश्मे माला और दस्तावेज बरामद किए थे. कई बैंक खातों को भी फ्रीज कराया गया.

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पहले भी हो चुकी हैं गिरफ्तारियां

इस मामले में अजय सिंह सत्यनारायण गणेश केशवराव इंगोले अमित गुप्ता और राकेश गोयल सहित कई आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है. दोनों ताजा गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ जयपुर दिल्ली और पंजाब में भी मुकदमे दर्ज हैं. पुलिस अब अन्य फरार सदस्यों की तलाश और वित्तीय लेनदेन की गहन जांच कर रही है.

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