धरती की मैग्नेटिक बियरिंग में बदलाव की वजह से 5 दशक बाद बदला जयपुर एयरपोर्ट के रनवे का नाम

एयरपोर्ट के रनवे का नामकरण उसकी नॉर्थ पोल से स्थिति को देखते हुए जारी किया जाता है. पिछले करीब 5 दशक से जयपुर एयरपोर्ट के रनवे का नाम 9-27 चल रहा था.

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जयपुर एयरपोर्ट के रनवे का नाम बदला गया.

Jaipur Airport: जयपुर अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर एक बड़ा बदलाव हुआ है. इसके तहत जयपुर एयरपोर्ट के रनवे का नाम बदल दिया गया है. मंगलवार (27 फरवरी) खो फीता काटकर रनवे के नए नाम का उद्घाटन किया गया. जयपुर एयरपोर्ट रनवे का अब 09-27 के बजाय 08-26 नाम दिया गया है. डीजीसीए के मानकों के अनुरूप किये गए बदलाव से विमान पायलटों को लैंडिंग और टेक ऑफ में प्रिसाइज एक्युरेसी मिलेगी.  बताया जा रहा है कि धरती के मैग्नेटिक बियरिंग में बदलाव के चलते रनवे के नाम को बदला गया है.

एयरपोर्ट का रनवे अब 9-27 नहीं, बल्कि 8-26 के नाम से पहचाना जाएगा. डीजीसीए के मानकों के अनुरूप जयपुर एयरपोर्ट के रनवे को नई नंबरिंग दी गई है. एयरपोर्ट पर यह बदलाव कई दशक के बाद लागू हुआ है.

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रनवे का नाम नॉर्थ पोल की स्थिति से तय होती है

जयपुर एयरपोर्ट प्रशासन के अनुसार ये बदलाव डीजीसीए के मानकों के अनुरूप किया गया हैं. किसी भी एयरपोर्ट के रनवे का नामकरण उसकी नॉर्थ पोल से स्थिति को देखते हुए जारी किया जाता है. पिछले करीब 5 दशक से जयपुर एयरपोर्ट के रनवे का नाम 9-27 चल रहा था. लेकिन पिछले कुछ समय में पृथ्वी के मैग्नेटिक बियरिंग में बदलाव के चलते रनवे के कोण में आंशिक रूप से बदलाव देखा गया है. इसी कारण एयरपोर्ट के रनवे का नाम अब 9-27 से बदलकर 8-26 कर दिया गया है. इस नए नामकरण से एयरपोर्ट पर विमान संचालन में अधिक एक्युरेसी उपलब्ध होगी.  

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आपको बता दें कि जयपुर एयरपोर्ट का रनवे वर्तमान में 3407 मीटर यानी करीब 11178 फीट लम्बा है. यहां कैटेगरी ई यानी बोइंग 777 जैसे विशाल जम्बोजेट विमानों की लैंडिंग और टेक ऑफ कराया जा सकता है.

पृथ्वी की मैग्नेटिक बियरिंग में आंशिक बदलाव

विशेषज्ञों के अनुसार 4 से 5 दशक में पृथ्वी की मैग्नेटिक बियरिंग में आंशिक बदलाव होता हैं. पहले जयपुर एयरपोर्ट का रनवे नॉर्थ पोल से 90-270 डिग्री पर था. हालांकि एग्जैक्ट देखा जाए तो यह यह 80-260 डिग्री के निकट हैं. इसके चलते रनवे का नामकरण 8-26 किया गया. इससे विमान के पायलटों को रनवे कॉर्डिनेट्स की एक्युरेट जानकारी मिलती है.  एयरपोर्ट रनवे पर पहले से इंस्ट्रूमेंट लैंडिंग सिस्टम लगा हुआ है और इसमें लोकलाइजर और ग्लाइड पाथ जैसे अत्याधुनिक उपकरण लगे हुए हैं  जिससे अत्यधिक एक्युरेसी के साथ विमानों की लैंडिंग-टेकऑफ कराई जाती हैं.

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एयरपोर्ट पर रनवे के नए नामकरण का फीता काटकर उद्घाटन किया गया. इस मौके पर चीफ एयरपोर्ट ऑफिसर विष्णु मोहन झा, एयरपोर्ट अथॉरिटी के प्रभारी अधिकारी चरण सिंह, सीआईएसएफ के कमांडेंट नरपत सिंह सहित कई अधिकारी मौजूद रहे. इस मौके पर एयर साइड सेफ्टी मैनुअल भी जारी किया गया है, जिसमें एयर साइड में काम करने वाले कर्मचारियों के लिए सुरक्षा मानक तय किए गए हैं.

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