'सांगोद में कभी नहीं जीता है बाहरी प्रत्याशी, खामियाजा भुगतेगी पार्टी', कांग्रेस की लिस्ट पर भरत सिंह की चेतावनी

भरत सिंह लगातार मांग कर रहे हैं कि सांगोद सीट पर पुनर्विचार किया जाए और कैंडिडेट बदला जाए तभी कांग्रेस के खाते में यह सीट आसानी से आएगी, नहीं तो यहां जीतना मुश्किल है.

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Rajasthan Assembly Election 2023: कांग्रेस में टिकट बंटवारे को लेकर विरोध के सुर थम नहीं रहे हैं. इधर हाडोती में भी बगावत के सूर तेज हो रहे हैं, कोटा जिले की एकमात्र सांगोद विधानसभा सीट से कांग्रेस ने प्रत्याशी घोषित किया है लेकिन भानु प्रताप सिंह को प्रत्याशी बनाए जाने पर सांगोद से मौजूदा विधायक कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पूर्व मंत्री भरत सिंह ने इसका विरोध दर्ज करवाया है. उन्होंने राजस्थान के प्रभारी सुखजिंदर सिंह रंधावा को पत्र लिखकर कहा है कि बाहरी व्यक्ति को सांगोद से टिकट देकर पार्टी ने अपने पैरों पर खुद कुल्हाड़ी मारी है. 

टिकट में स्थानीय को देना चाहिए तवज्जो

गौरतलब है भरत सिंह ने स्थानियों को तवज्जो देने की मांग की थी लेकिन टिकट वितरण में उनकी राय को दरकिनार कर दिया गया जिस पर उन्होंने ऑब्जर्वर की भूमिका पर भी सवाल खड़े करते हुए कहा है कि यह टिकट चोरी के रास्ते से आया है. इसका खामियाजा प्रत्याशी को भी भुगतना पड़ेगा.

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भरत सिंह सांगोद से विधानसभा सीट से 2008 से लगातार चुनाव लड़ रहे हैं. इस बार उन्होंने चुनाव नहीं लड़ने की घोषणा पहले ही कर दी थी लेकिन उन्होंने पार्टी के शीर्ष नेताओं को स्थानीय नेताओं को तवज्जो देने की मांग की थी. सांगोद विधानसभा सीट पर भरत सिंह का प्रत्याशी को लेकर किया जा रहा विरोध चर्चाओं का विषय बन रहा है.

टिकट बंटवारे को लेकर पुतला फूंकते कांग्रेसी

2008 से सांगोद सीट पर रहे हैं भरत सिंह

परिसीमन के बाद दीगोद सीट सांगोद में तब्दील हो गई थी तब से लगातार कांग्रेस प्रत्याशी के रूप में भारत सिंह सांगोद से चुनाव लड़ते आ रहे हैं. इस चुनाव से पूर्व उन्होंने चुनाव लड़ने से इनकार कर दिया था, लेकिन उन्होंने स्थानीय कांग्रेस नेताओं को टिकट दिए जाने की मांग की थी.

पार्टी ने भानु प्रताप सिंह जो पीपल्दा विधानसभा क्षेत्र से ताल्लुक रखते हैं उनको सांगोद से मैदान में उतार दिया है. ऐसे में भरत सिंह पार्टी के फैसले पर नाराजगी जाहिर करते हुए कह रहे हैं कि टिकट देने से पहले उनकी राय लेना भी उचित नहीं समझ गया. जबकि सांगोद विधानसभा का इतिहास रहा है कि यहां बाहरी प्रत्याशी का प्रयोग जब-जब किया गया सफलता नहीं मिली. 

चुनाव प्रचार में शामिल नहीं होंगे भरत सिंह

अपने विधानसभा क्षेत्र सांगोद में पार्टी द्वारा भानु प्रताप सिंह को प्रत्याशी बनाए जाने के बाद भरत सिंह लगातार मांग कर रहे हैं कि इस टिकट पर पुनर्विचार किया जाए और कैंडिडेट बदल जाए तभी कांग्रेस के खाते में यह सीट आसानी से आएगी. उन्होंने कहा कि भानु प्रताप के प्रचार के लिए वह सांगोद विधानसभा क्षेत्र में नहीं जाएंगे, मीडिया से बातचीत में उन्होंने इस बात का जिक्र किया.

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