Rajasthan News: पिछले साल झालावाड़ में सरकारी स्कूल की बिल्डिंग गिरने से हुए हादसे में सात मासूम बच्चों की जान चली गई. इन सात बच्चों की मौत के बाद भी अब तक प्रशासन ने सबक लिया है. झालावाड़ हादसे के बाद भी कभी स्कूल की दीवार गिरने की खबर आई तो कभी स्कूल की छत गिरने के कारण हादसा हुआ है. जहां सरकारी स्कूलों की बिल्डिंग निर्माण की मॉनिटरिंग के सरकार के दावे के बीच भीलवाड़ा से सामने आई एक घटना ने सारी पोल खोल दी है.
लोकार्पण समारोह में ही उखड़ा फर्स
दरअसल, भीलवाड़ा जिले की काछोला उपखंड में माण्डलगढ़ पंचायत समिति के राजगढ़ गांव में एक घटना हुई. जिसने तमाम दावे पर पानी फेर दिया है. राजगढ़ गांव में बने राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में पुस्तकालय कमरे और क्लासरूम का निर्माण हुआ था. इसके बाद 07 फरवरी को क्लासरूम और लाईब्रेरी रूम का लोकार्पण कार्यक्रम था.
इस कार्यक्रम में माण्डलगढ़ के विधायक गोपाल खण्डेलवाल मुख्य अतिथि थे. जब सभी लोग भवन के लोकार्पण कार्यक्रम में पहुंचे तो सभी के सामने ही स्कूल बिल्डिंग की फर्श उखड़ गई. यह सरकार के तमाम दावे पर पलीता लगाने का काम कर रहा है. टूटी टेबल्स और उखड़ी टाइल्स को लेकर लोकार्पण समारोह के दौरान विधायक भी नाराज हो गए. इसके बाद विधायक गोपाल खंडेलवाल ने ग्रामीणों को जांच कमेटी बनाकर जल्द कार्रवाई करने का आश्वासन दिया.
विधायक गोपाल खंडेलवाल हुए नाराज
विधायक गोपाल खंडेलवाल ने कहा कि स्कूल भवन का निर्माण हमने ग्रामीणों की मांग पर करवाया. स्कूल भवन बनाने वाली एजेंसी ने पूरी मॉनिटरिंग नहीं की, घटिया क्वालिटी है काम की. मैंने सभी जिम्मेदार अधिकारियों को इसकी शिकायत की है, मामले में जांच कमेटी बनाकर जांच करने का आश्वासन ग्रामीणों को दिया है. जल्दी जांच करवा कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करवाएंगे.
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