राजस्थान में उदयपुर, जयपुर और जोधपुर वेडिंग डेस्टिनेशन के रूप में विश्व के नक्शे पर अपनी अहम जगह रखते हैं. लेकिन अब, कई अन्य पर्यटन स्थलों को भी वेडिंग डेस्टिनेशन के तौर पर विकसित करने पर जोर दिया जा रहा है. इस लिस्ट में जैसलमेर, बांसवाड़ा, डूंगरपुर, पुष्कर और भरतपुर अच्छे ऑप्शन हो सकते हैं. डिप्टी सीएम दिया कुमारी के मुताबिक, शेखावाटी की हवेलियां, जैसलमेर का रेगिस्तान, बांसवाड़ा और डूंगरपुर की प्राकृतिक सुंदरता, भरतपुर का वन्यजीव पर्यटन और पुष्कर की धार्मिक आभा इन स्थानों को विवाह समारोहों के आयोजन के लिए बेहतरीन विकल्प बनाती हैं.
"अन्य स्थलों को भी पर्यटन के नक्शे पर लाना जरूरी"
दिया कुमारी ने रविवार (20 जुलाई) को जयपुर के एक होटल में आयोजित ‘अंतरराष्ट्रीय विवाह एवं पर्यटन सम्मेलन (IWTC)' को संबोधित किया. उन्होंने कहा कि राजस्थान को अब केवल 6 महीने नहीं, बल्कि पूरे वर्ष विवाह के प्रमुख गंतव्य (Wedding Destinations) के रूप में विकसित किया जाना चाहिए. डिप्टी सीएम ने कहा कि जयपुर, जोधपुर और उदयपुर विवाह समारोहों के आयोजन के लिए पहले से ही विश्व प्रसिद्ध हैं, लेकिन राजस्थान की पहचान को और विस्तार देने के लिए अन्य पर्यटन स्थलों को भी विवाह पर्यटन के मानचित्र पर लाना जरूरी है.
दिया कुमारी ने ‘अंतरराष्ट्रीय विवाह एवं पर्यटन सम्मेलन (IWTC)' को संबोधित किया.
दिया कुमारी बोलीं- इससे रोजगार बढ़ेगा, अर्थव्यवस्था होगी मजबूत
उन्होंने कहा कि इसे सालभर बढ़ावा मिलने से स्थानीय कारीगरों, होटल कारोबार, परिवहन और कार्यक्रम आयोजन (इवेंट मैनेजमेंट) उद्योग से जुड़े लोगों को रोजगार के अवसर मिलेंगे और इससे राज्य की अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी.
आंध्र प्रदेश के पर्यटन मंत्री कुंडला दुर्गेश ने भी कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा, "आंध्र प्रदेश पर्यटन को आईडब्ल्यूटीसी का आधिकारिक भागीदार बनने पर गर्व है. हमारा उद्देश्य राज्य के समुद्री तटों, आध्यात्मिक स्थलों और सांस्कृतिक धरोहर को विवाह आयोजनों एवं पर्यटन के वैश्विक उद्योग से जोड़ना है. इस तरह के मंच राज्यों के बीच सहयोग और पर्यटन विकास के नए अवसर पैदा करते हैं."
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