अंता उपचुनाव में भाजपा में हुआ भीतरघात? मोरपाल सुमन की वायरल चिट्ठी की क्या है सच्चाई, ओम बिरला का भी जिक्र

मोरपाल सुमन के नाम से वायरल चिट्ठी में पार्टी के कोटा से लेकर बारां तक के मंत्री, विधायकों समेत कई नेताओं पर भीतर घात करने का आरोप लगाया गया है. चिटठी के जरिए मांग की गई कि चुनाव हराने का काम करने वालों के खिलाफ अनुशासनहीनता की कार्रवाई की जाए. 

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अंता उपचुनाव में भाजपा में भीतरघात के आरोप वाली चिट्ठी वायरल (File Photo)

Rajasthan News: अंता विधानसभा सीट पर उपचुनाव हुए 2 महीने से ज्यादा का समय बीत गया है. इस सीट से भाजपा के प्रत्याशी रहे मोरपाल सुमन के नाम से 2 दिन से वायरल एक चिट्ठी ने सियासी बवाल खड़ा कर दिया है. वायरल हो रही चिट्ठी में अंता उपचुनाव के समय भाजपा में भीतरघात का आरोप लगाया गया है. बड़ी बात है कि इस चिट्ठी में लोकसभा स्पीकर ओम बिरला, मंत्री हीरालाल नागर और जिले के तीन विधायकों समेत कई लोगों का जिक्र है. जब इस वायरल चिट्ठी को लेकर पार्टी का पक्ष जानने की कोशिश की गई तो खामोशी नजर आई.

मंत्री-विधायकों के नाम का जिक्र

भाजपा के बारां जिलाध्यक्ष के नाम लिखी चिट्ठी में कुल 12 बिंदुओं में अलग-अलग लोगों पर अंता विधानसभा सीट पर उपचुनाव के समय भीतरघात करने की बात कही गई है. मोरपाल सुमन के नाम से लिखी वायरल चिट्ठी में पार्टी के कोटा से लेकर बारां तक के मंत्री, विधायकों, पूर्व जिला अध्यक्षों, मंडल अध्यक्षों, प्रधान पर भीतर घात कर कांग्रेस प्रत्याशी प्रमोद जैन भाया की चुनाव जिताने और भाजपा के प्रत्याशी मोरपाल सुमन को चुनाव हारने का आरोप है. चिटठी के जरिए मांग की गई कि चुनाव हराने का काम करने वालों के खिलाफ अनुशासनहीनता की कार्रवाई की जाए. 

चिट्टी की एक-एक बिंदुवार बातें

  • पार्टी के द्वारा देरी से टिकिट घोषणा की.
  • पार्टी के प्रमुख पधादिकारियों द्वारा भीतरीघात हुआ, जिसमें प्रमुख भूमिका निभाई.
  • ओम बिरला जी की पूरी टीम ने प्रत्यक्ष-अप्रत्यक्ष रूप से विरोध में काम किया. काफी बड़ी राशि बारां के बड़े नेताओं को उपलब्ध करवाकर मतदाताओं को प्रलोभन देकर कांग्रेस प्रत्याक्षी प्रमोद जैन भाया की जीत में मदद की.
  • राजस्थान सरकार के ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर के व्यवसाय पाटर्नर मनोज शर्मा सांगोद, बारां (नागर व मालव समाज) में कांग्रेस प्रत्याशी प्रमोद जैन के समर्थन में राशि वितरण करके वोट डलवाया, जिसकी मेरे द्वारा समुचित जानकारी जिलाध्यक्ष जी को दी.
  • नन्दलाल सुमन पूर्व (जिला अध्यक्ष एवं जिला प्रमुख) व उनकी पूरी टीम ने भी कांग्रेस प्रत्याक्षी भाया को जीतने में मदद की.
  • आनंद गर्ग पूर्व जिला अध्यक्ष एवं संगठन प्रभारी कोटा ने भी कांग्रेस प्रत्याक्षी भाया के साथ मिलकर स्वयं की टीम को अप्रत्यक्ष रूप से मुझे हराने के लिए काम करवाया.
  • प्रखर कौशल प्रधान अंता (टीम), रामेश्वर खंडेलवाल चेयरमैन अंता नगर पालिका (टीम), धर्मेंद्र यादव उपप्रधान पंचायत समिति बारां (टीम) ने अप्रत्यक्ष रूप से मुझे हराने के लिए काम किया.
  • मुकेश धाकड जिला अध्यक्ष किसान मोर्चा, धर्मवीर मीणा एसटी मोर्चा जिलाध्यक्ष, पुष्पदयाल मीणा मंडल अध्यक्ष सीसवाली, महेंद्र मीणा मंडल अध्यक्ष मांगरोल देहात मुझे व पार्टी को हराने में अप्रत्यक्ष रूप से काम किया.
  • पूर्व विधायक एवं प्रदेश उपाध्यक्ष हेमराज मीणा ने भी कांग्रेस प्रत्याक्षी प्रमोद जैन भाया के पक्ष में प्रत्यक्ष-अप्रत्यक्ष रूप से मीणा समाज के मतदाताओं के वोट डलवाये.
  • अंता विधानसभा में प्रभावी चर्चा थी कि यदि मोरपाल सुमन कांग्रेस प्रत्याशी प्रमोद जैन भाया को चुनाव में हराता है तो मंत्री बनाये जाने की प्रबल सम्भावना है, जिससे जिले के तीनो विधायकों प्रताप सिंह सिंघवी, ललित मीणा, राधेश्याम बैरवा ने सामूहिक रूप से प्रत्यक्ष-अप्रत्यक्ष हराने का प्रयास किया.
  • अधिकांश विधायक टिकिट के दावेदारों ने मुझे व पार्टी को हराने का काम किया. मेरा आपसे आग्रहपूर्वक अनुरोध हैं कि इन सब पर पार्टी के खिलाफ कार्य करने पर अनुशासनहीता की कार्यवाही करे.
  • इलेक्शन कमीशन के ऑब्ज़र्वर के द्वारा न्याय संगत कार्य नहीं किया गया. कांग्रेस प्रत्याशी और निर्दलीय प्रत्याशी द्वारा घोड़ा हाथी डीजे गाड़िया अधिक मात्र में उपयोग किया गया.

मोरपाल सुमन के नाम से वायरल चिट्ठी

वायरल चिट्टी पर मोरपाल सुमन ने क्या कहा? 

वहीं, वायरल चिट्टी को लेकर भाजपा के प्रत्याशी रहे मोरपाल सुमन ने टेलीफोन पर बातचीत में कहा कि मुझे इस बारे में कोई जानकारी नहीं है. मैंने किसी को चिट्ठी नहीं लिखी. शनिवार को जब बीजेपी के प्रदेश प्रवक्ता मदन प्रजापत से मोरपाल सुमन के नाम से वायरल चिट्ठी के बारे में पार्टी का पक्ष जानने की कोशिश हुई तो उन्होंने कहा कि मुझे कोई जानकारी नहीं, कुछ पता लगेगा तो आगे बात करेंगे. आगे कुछ भी बात होगी तो अनुशासन समिति बनी हुई है, उसमें चर्चा करेंगे. मदन प्रजापत बारां में आगामी बजट को लेकर जिला कार्यकारिणी से बैठक में शामिल होने के लिए पहुंचे थे. बड़ी बात है कि चिट्ठी के वायरल होने के बाद से मोरपाल सुमन मीडिया के सामने नहीं आ रहे हैं. सांसद कार्यालय पर बजट को लेकर आज की बैठक में भी वह अनुपस्थित रहे. 

दिग्गजों ने चुनाव प्रचार के दौरान डाला था डेरा 

बता दें कि अंता विधानसभा उपचुनाव में सत्ताधारी भाजपा के मोरपाल सुमन को हार का सामना करना पड़ा था. कांग्रेस के प्रमोद जैन भाया 69571 वोट हासिल करके विधायक बने, जबकि भाजपा प्रत्याशी मोरपाल सुमन को 53959 वोट मिले थे. मोरपाल सुमन की 15612 मतों से हार हुई थी. उपचुनाव के दौरान पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने एक हफ्ते तक प्रचार किया था. दो रोड शो खुद मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने वसुंधरा राजे के साथ किए और प्रदेशाध्यक्ष भी डेरा डाले रहे. डिप्टी सीएम डाॅ. प्रेमचंद बेरवा ने भी कई बार यहां चुनाव प्रचार किया और बैठकें ली.

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रिपोर्ट- अरविंद अर्जुन

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