RGHS में फर्जी क्लेम पर बड़ा एक्शन, सीकर के 7 डॉक्टर सस्पेंड; अस्पताल-डायग्नोस्टिक सेंटर पर FIR

राजस्थान गवर्नमेंट हेल्थ स्कीम में गड़बड़ियों पर सरकार ने सख्त कदम उठाए हैं. सात चिकित्सकों को निलंबित किया गया है और एक अस्पताल तथा एक डायग्नोस्टिक सेंटर के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जा रही है. 

विज्ञापन
Read Time: 2 mins
RGHS में बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है.

Rajasthan News: राजस्थान गवर्नमेंट हेल्थ स्कीम (RGHS) को पारदर्शी और मजबूत बनाने के लिए राज्य सरकार ने कड़ी कार्रवाई की है. योजना में अनियमितता पाए जाने पर सीकर जिले में पदस्थ सात चिकित्सकों को निलंबित कर दिया गया है. साथ ही भरतपुर के एक निजी अस्पताल और बीकानेर के एक डायग्नोस्टिक सेंटर के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है. चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की प्रमुख शासन सचिव गायत्री राठौड़ ने बताया कि ऑडिट में गड़बड़ियां सामने आने के बाद यह कार्रवाई की गई.

सीकर के सात डॉक्टर निलंबित

सीकर में मेडिकल कॉलेज और अन्य संस्थानों से जुड़े सात चिकित्सकों पर कार्रवाई हुई है. इनमें डॉ. कमल कुमार अग्रवाल, डॉ. सुनील कुमार ढाका, डॉ. मुकेश वर्मा, डॉ. राकेश कुमार, डॉ. गजराज सिंह, डॉ. एसएस राठौड़ और डॉ. सुनील शर्मा शामिल हैं.

भरतपुर और बीकानेर में फर्जीवाड़ा

भरतपुर स्थित भरतपुर नर्सिंग होम और कशिश फार्मेसी पर लाभार्थियों के कार्ड का दुरुपयोग कर फर्जी क्लेम लेने का आरोप है. जांच में सामने आया कि अस्पताल ने आरजीएचएस में अनुमोदित न होने के बावजूद बोर्ड लगाकर मरीजों को योजना का लाभ देने का दावा किया. मरीजों के एसएसओ आईडी पासवर्ड लेकर पोर्टल पर फर्जी एडजस्टमेंट कर भुगतान लिया गया. अस्पताल पहले ही डी एम्पेनल किया जा चुका है. वहीं बीकानेर के बोथरा डायग्नोस्टिक एंड इमेजिंग सेंटर पर जरूरत से ज्यादा जांचें लिखने और रिकॉर्ड में गड़बड़ी के आरोप हैं. कुछ मामलों में चिकित्सकों के नाम और सील फर्जी पाए गए.

पहले भी हुई है सख्ती

सरकार पहले भी 19 एफआईआर दर्ज कर चुकी है. 64 कार्मिक निलंबित किए गए और 500 कार्ड ब्लॉक किए गए. करीब 2 करोड़ रुपये की वसूली लाभार्थियों से की गई. 33 अस्पतालों का टीएमएस और 39 का भुगतान रोका गया. 8 अस्पताल डी एम्पेनल हुए और 32 करोड़ से अधिक की राशि वसूल की गई. 212 फार्मेसी का टीएमएस ब्लॉक कर 5 करोड़ से अधिक की वसूली की गई है. सरकार का कहना है कि योजना में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए ऐसी कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी.

Advertisement

यह भी पढ़ें- हनुमानगढ़ में दर्दनाक हादसा, आयोजन में जा रही बस पलटी... एक महिला की मौत, 32 यात्री घायल