थार में तूफान का तांडव, बवंडर से घिरा सोनार दुर्ग

सोनार दुर्ग के आसपास का क्षेत्र धूल भरी आंधी में पूरी तरह लिपटा नजर आया. रेतीले बवंडरों के बीच दुर्ग का दृश्य रोमांचक होने के साथ-साथ मौसम के विकराल रूप की भी तस्वीर पेश करता रहा.

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सोनार फोर्ट बवंडर से घिरा

Jaisalmer News: स्वर्णनगरी जैसलमेर में मंगलवार (2 जून) की रात मौसम ने अचानक भयावह रूप धारण कर लिया. थार के रेगिस्तान से उठे विशाल धूल भरे बवंडर और तूफानी आंधी ने ऐतिहासिक सोनार दुर्ग को अपनी आगोश में ले लिया. देखते ही देखते पूरा शहर धूल के गुबार से ढक गया और आसमान में काली परत छा गई. दिन में ही अंधेरे जैसे हालात बन गए तथा दूर-दूर तक दृश्यता प्रभावित हो गई. जैसलमेर शहर में रात करीब 9.50 बजे अचानक चली तेज आंधी के साथ आसमान में धूल के विशाल गुबार उठने लगे. वहीं बादलों की तेज गर्जना और लगातार चमकती बिजली ने लोगों में दहशत का माहौल पैदा कर दिया.

सोनार दुर्ग के आसपास का क्षेत्र धूल भरी आंधी में पूरी तरह लिपटा नजर आया. रेतीले बवंडरों के बीच दुर्ग का दृश्य रोमांचक होने के साथ-साथ मौसम के विकराल रूप की भी तस्वीर पेश करता रहा.

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रामगढ़ में मूसलाधार बारिश

मौसम विभाग द्वारा जिले के लिए जारी ऑरेंज अलर्ट के बीच सीमावर्ती क्षेत्र रामगढ़ में भी मौसम का कहर लगातार जारी है. मंगलवार को कस्बे सहित आसपास के ग्रामीण इलाकों में तेज तूफानी हवाओं के साथ मूसलाधार बारिश हुई. बारिश और आंधी के कारण जनजीवन प्रभावित हो गया तथा लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ा.

तूफान ने लोगों की चिंता बढ़ाई

रामगढ़ क्षेत्र में लगातार तीसरे दिन मौसम का उग्र रूप देखने को मिला है. रविवार को आई काली-पीली धूल भरी आंधी के बाद सोमवार को तेज हवाओं और बारिश ने हालात बिगाड़े थे, जबकि मंगलवार को एक बार फिर तूफानी मौसम ने लोगों की चिंता बढ़ा दी. क्षेत्र में घने काले बादल छाए रहे और बादलों की गर्जना के साथ लगातार बिजली चमकती रही.

तेज हवाओं के चलते कई स्थानों पर पेड़ों की शाखाएं टूटने और अस्थायी ढांचों को नुकसान पहुंचने की आशंका बनी हुई है. वहीं बारिश के कारण कई जगह जलभराव की स्थिति बनने लगी है. सबसे अधिक परेशानी बिजली संकट को लेकर सामने आ रही है. रामगढ़ कस्बे में पिछले 24 घंटे से अधिक समय से विद्युत आपूर्ति ठप है. आंधी और खराब मौसम से विद्युत तंत्र को हुए नुकसान के कारण पूरा कस्बा अंधेरे में डूबा हुआ है. पेयजल आपूर्ति और दैनिक कार्य भी प्रभावित हो रहे हैं.

मौसम विभाग ने आगामी घंटों में भी तेज हवाओं, गरज-चमक और बारिश की संभावना जताते हुए लोगों से सतर्क रहने तथा खराब मौसम के दौरान अनावश्यक रूप से घरों से बाहर नहीं निकलने की अपील की है. थार में उठे इस तूफानी बवंडर ने एक बार फिर रेगिस्तान के मौसम की अनिश्चितता और उसकी ताकत का अहसास करा दिया है.

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