गहलोत का ECI हमला, बोले, 'एक संवैधानिक संस्था की भाषा किसी राजनीतिक दल की भाषा जैसी लग रही है'

उन्होंने कहा, ‘‘खरगे जी द्वारा उठाए गए जायज सवालों पर निर्वाचन आयोग की भाषा एक संवैधानिक संस्था से ज्यादा राजनीतिक दल की लग रही है. आयोग अपनी जिम्मेदारी से काम करने के बजाय इस चुनाव में एक पक्ष के साथ खड़ा दिखाई दे रहा है. जो आम जन के मन में शंकाएं पैदा कर रहा है. यह आयोग की छवि के लिए भी सही नहीं है.''

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अशोक गहलोत (फाइल फोटो)

Ashok Gehlot News: राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने शनिवार को कहा कि पहले दो चरणों के मतदान प्रतिशत के आंकड़े जारी करने में देरी पर चिंता जताते हुए कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे द्वारा ‘इंडिया' गठबंधन के सहयोगी दलों को लिखे गए पत्र पर निर्वाचन आयोग की प्रतिक्रिया पूरी तरह से अनुचित है.

गहलोत ने ‘एक्स' पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे जी द्वारा ‘इंडिया' गठबंधन के सहयोगी दलों को लिखे गए पत्र पर निर्वाचन आयोग की प्रतिक्रिया पूर्णत: अनुचित एवं अवांछित है.''

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उन्होंने कहा, यह आश्चर्यजनक है कि, चुनाव आयोग पार्टियों के बीच हो रहे आतंरिक वार्तालाप पर तो प्रतिक्रिया दे रहा है, पर चुनाव आयोग में विपक्षी दलों द्वारा दी गई शिकायतों पर संज्ञान भी नहीं ले रहा है. राजस्थान में कांग्रेस पार्टी ने 20 से अधिक शिकायतें दर्ज करवाईं पर उन पर नोटिस तक जारी नहीं किए.

उन्होंने कहा, ‘‘खरगे जी द्वारा उठाए गए जायज सवालों पर निर्वाचन आयोग की भाषा एक संवैधानिक संस्था से ज्यादा राजनीतिक दल की लग रही है. आयोग अपनी जिम्मेदारी से काम करने के बजाय इस चुनाव में एक पक्ष के साथ खड़ा दिखाई दे रहा है. जो आम जन के मन में शंकाएं पैदा कर रहा है. यह आयोग की छवि के लिए भी सही नहीं है.''

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