टोंक में अवैध खनन पर पुलिस का बड़ा एक्शन, एक दर्जन ट्रैक्टर-ट्रॉलियां जब्त; तीन आरोपी गिरफ्तार

राजस्थान के टोंक जिले में पुलिस ने अवैध खनन के खिलाफ अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब एक दर्जन ट्रैक्टर-ट्रॉलियां जब्त कीं और तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया.

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टोंक जिले में पुलिस ने अवैध खनन के खिलाफ कार्रवाई करते हुए करीब एक दर्जन ट्रैक्टर-ट्रॉलियां जब्त कर लिए.

Rajasthan News: राजस्थान के टोंक जिले में पुलिस ने अवैध खनन के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए कच्चा बंधा क्षेत्र में चल रही अवैध पत्थर खदानों पर छापा मारा. सदर थाना पुलिस की अगुवाई में तीन थाना क्षेत्रों की संयुक्त टीम और DST ने मिलकर यह ऑपरेशन चलाया. इस कार्रवाई में लगभग एक दर्जन ट्रैक्टर-ट्रॉलियों को जब्त किया गया जो अवैध रूप से पत्थर ढोने में लगे थे. पुलिस ने मौके से तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है. साथ ही खनन गतिविधियों की रेकी करने में इस्तेमाल हो रही दो मोटरसाइकिल भी जब्त की गई हैं.

ड्रोन से निगरानी कर घेराबंदी

कार्रवाई के दौरान पूरे इलाके की घेराबंदी की गई. पुलिस ने क्षेत्र की निगरानी के लिए ड्रोन का भी इस्तेमाल किया ताकि खनन में शामिल लोग भाग न सकें. इस पूरे अभियान के दौरान टोंक के डीएसपी मृतुंजय मिश्रा खुद मौके पर मौजूद रहे और टीमों को निर्देश देते रहे. पुलिस अधिकारियों के अनुसार अवैध खनन में लगे वाहनों और लोगों की पहचान कर आगे भी सख्त कार्रवाई की जाएगी.

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पत्थरबाजी की घटना के बाद तेज हुई कार्रवाई

पुलिस की यह कार्रवाई हाल ही में टोंक शहर के देशवाली मोहल्ले से वाल्मीकि मोहल्ले पर हुई पत्थरबाजी की घटना के बाद सामने आई मांगों से भी जुड़ी मानी जा रही है. उस घटना के बाद क्षेत्र में अवैध गतिविधियों पर सख्ती और अतिक्रमण हटाने की मांग उठी थी. स्थानीय जनप्रतिनिधियों और भाजपा नेताओं ने भी प्रशासन से अवैध खनन और अन्य गैरकानूनी गतिविधियों पर कड़ी कार्रवाई करने की मांग की थी.

पहाड़ों को बना दिया खाइयों में

कच्चा बंधा क्षेत्र, बहीर और रीको इलाके की पहाड़ियों में लंबे समय से अवैध खनन जारी है. खनन माफियाओं ने विस्फोट कर कई ऊंची पहाड़ियों को गहरी खाइयों में बदल दिया है. इससे पर्यावरण को भी भारी नुकसान पहुंचा है. स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर समय रहते सख्त कार्रवाई नहीं हुई तो इलाके की प्राकृतिक संरचना पूरी तरह बदल सकती है.

विस्फोट के लिए खतरनाक रसायनों का इस्तेमाल

अवैध खनन में पत्थरों को तोड़ने के लिए अमोनियम नाइट्रेट, डेटोनेटर और जिलेटिन स्टिक जैसे शक्तिशाली विस्फोटकों का इस्तेमाल किया जाता है. ड्रिल मशीन से चट्टानों में छेद कर इन विस्फोटकों को डाला जाता है और फ्यूज वायर के जरिए ब्लास्ट किया जाता है. पुलिस का कहना है कि इस तरह के खतरनाक तरीकों से खनन करना न सिर्फ गैरकानूनी है बल्कि आसपास रहने वाले लोगों के लिए भी गंभीर खतरा बन सकता है.

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