CBSE 10वीं-12वीं Exam देने वाले परीक्षार्थियों के लिए Board ने दी अहम जानकारी, सेंटर पर जाने से पहले जान लें

इस साल भारत और विदेशों के 26 देशों से 39 लाख से अधिक छात्र बोर्ड परीक्षा में हिस्सा ले रहे हैं. इसके लिए सभी राज्यों में सेंटर बनाए गए हैं. वहीं, बोर्ड ने परीक्षार्थियों के लिए अहम जानकारी साझा की है.

विज्ञापन
Read Time: 3 mins

CBSE Board Exam: सीबीएसई बोर्ड परीक्षा 15 फरवरी से शुरू हो रही है. जिसमें 10वीं और 12वीं (CBSE 10th-12th Board Exam)  दोनों कक्षाओं की परीक्षा ली जाएगी. इस साल भारत और विदेशों के 26 देशों से 39 लाख से अधिक छात्र बोर्ड परीक्षा में हिस्सा ले रहे हैं. इसके लिए सभी राज्यों में सेंटर बनाए गए हैं. वहीं, बोर्ड ने परीक्षार्थियों के लिए अहम जानकारी साझा की है. जिसे सभी परीक्षार्थियों को जान लेना चाहिए.

आपको बता दें, 15 फरवरी से 10वीं और 12वीं दोनों कक्षा की बोर्ड परीक्षा शुरू हो रही है. वहीं 10वीं की परीक्षा 13 मार्च तक चलेगी जबकि 12वीं की परीक्षा 2 अप्रैल तक चलेगी.

Advertisement

CBSE बोर्ड ने दी अहम जानकारी

दरअसल, बोर्ड ने बताया है कि परीक्षा सुबह 10.30 बजे से शुरू होती है. ऐसे में सभी छात्रों को अपने-अपने परीक्षा केंद्र पर सुबह 10 बजे या उससे पहले पहुंच जाना चाहिए. क्योंकि जो परीक्षा केंद्र से दूर रहते हैं वह यातायात संबंधी समस्याओं से परेशान हो सकते हैं और उनके परीक्षा केंद्र में पहुंचने में देरी हो सकती है. इसलिए छात्रों को सलाह दी जाती है कि वह अपने घरों से जल्दी निकलें ताकि सीबीएसी द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार समय पर पहुंच सकें.

Advertisement

CBSE 10वीं बोर्ड परीक्षा का पूरा शेड्यूल

CBSE 12वीं बोर्ड परीक्षा का पूरा शेड्यूल

समय पर पहुंचने वाले छात्र ही दे सकेंगे परीक्षा

बोर्ड ने निर्देश दिया है कि पूरे भारत और अन्य देशों में सीबीएसई के सभी छात्रों से अनुरोध किया जाता है कि वह स्थानीय परिस्थितियों, यातायात, मौसम की स्थिति, दूरी आदि को ध्यान में रखते हुए सुबह 10 बजे या उससे पहले परीक्षा स्थल पर पहुंचने की योजना बनाएं. बोर्ड ने कहा कि केवल उन्हीं छात्रों को प्रवेश की अनुमति दी जाएगी जो सुबह 10 बजे तक परीक्षा केंद्र में प्रवेश कर लेंगे. इसके बाद किसी भी छात्र को प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाएगी.

Advertisement

बता दें, यह सलाह उन लोगों के लिए बहुत जरूरी है जो केंद्र से काफी दूर रहते हैं. वहीं यह सलाह दिल्ली के छात्रों के लिए अहम है क्योंकि वहां किसान आंदोलन की वजह से यातायात काफी प्रभावित हो रहा है. ऐसे में उन्हें केंद्र पर समय से पहुंचने के लिए अलग से योजना बना लेनी चाहिए.

यह भी पढ़ेंः राजस्थान में बिना प्रधानाचार्य चल रहे हैं 6041 स्कूल, वाइस प्रिंसिपल की पोस्टिंग भी एक साल से अटकी