जोधपुर: सेना के क्लर्क ने फर्जी बिल बनाकर 19 लाख का किया गबन, CBI में केस दर्ज

राजस्थान के बीकानेर आर्मी स्टेशन में सेना के अकाउंट्स क्लर्क अनिल पंवार पर फर्जी बिलों के माध्यम से 19 लाख 56 हजार रुपये सरकारी खाते से अपने निजी खातों में ट्रांसफर करने का आरोप है. सीबीआई ने जांच शुरू कर दी है.

विज्ञापन
Read Time: 2 mins
प्रतीकात्मक तस्वीर

Rajasthan Army Clerk Fraud News: राजस्थान में धोखाधड़ी का एक बड़ा मामला सामने आया है. जहां सेना में कार्यरत एक अकाउंट्स क्लर्क ने सफाई कार्मिकों के फर्जी बिल बनाकर भुगतान पास करवाया और उसे अपने खातों में ट्रांसफर कर दिया. सेना को जब इसका पता लगा तो जोधपुर CBI में आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज करवाया गया. मामला आर्मी स्टेशन मुख्यालय बीकानेर का है, जहां अकाउंट क्लर्क अनिल पंवार के वर्ष 2021 से 2022 के दौरान इस जालसाझी का खुलासा हुआ है. इसको लेकर गत अगस्त में जोधपुर में प्रारंभिक जांच दर्ज की गई थी.

कर्मचारियों के पैसों का लेखाजोखा करता था क्लर्क

जांच में पता चला कि अनिल पंवार, आर्मी स्टेशन मुख्यालय, बीकानेर के सिविल अनुभाग में लेखा लिपिक के रूप में सिविल अनुभाग, आर्मी स्टेशन मुख्यालय, बीकानेर में तैनात स्थायी सफाई कर्मचारियों के संबंध में वेतन और भत्ते, विभिन्न प्रकार के बकाया, अग्रिम, छुट्टी भुगतान आदि का संधारण करते थे. इनके वेतन और भत्ते, विभिन्न प्रकार के बकाया, अग्रिम, छुट्टी भुगतान आदि से संबंधित सभी बिल सिविल अनुभाग, स्टेशन मुख्यालय में लेखा लिपिक द्वारा तैयार किए जाते हैं.

Advertisement

इन्हें बीकानेर में पंजीकृत किया जाता था और उनकी सत्यता, पात्रता के लिए प्रधान नियंत्रक रक्षा लेखा जयपुर को भेजा जाता था. और जांच के बाद प्रधान नियंत्रक रक्षा लेखा जयपुर स्टेशन मुख्यालय, बीकानेर के सार्वजनिक निधि खाते के नाम से PNB, बीकानेर कैंट में बनाए गए खाते को भुगतान भेजता था और स्टेशन मुख्यालय, बीकानेर लाभार्थियों के खातों में राशि स्थानांतरित करता था.

Advertisement

अपने खाते में ट्रांसफर किए पैसे

जानकारी के अनुसार अनिल पंवार ने भ्रष्ट और अवैध तरीकों से अन्य अज्ञात व्यक्ति के साथ मिलीभगत करके बेईमानी और धोखाधड़ी से सरकारी खाते से 19 लाख 56 हजार 928 रुपये अपने निजी खातों में ट्रांसफर कर दिए थे. जांच में गबन का खुलासा होने पर अब अनिल पंवार और अन्य अज्ञात व्यक्तियों खिलाफ सीबीआई ने मामला दर्ज कर जांच केजी भाटी, निरीक्षक, सीबीआई, एसीबी, जोधपुर को सौंपी गई है.

Advertisement

ये भी पढ़ें- त्योहारी सीजन में दिल्ली से कनेक्ट हो रहा जैसलमेर, पर्यटकों को मिलने वाली ही 1 अक्टूबर से बड़ी सुविधा

Topics mentioned in this article