गिरफ्तारी के डर से FD तोड़ी, 3 दिन घर में बंद रहीं, डिजिटल अरेस्ट कर महिलाओं से 48 लाख की ठगी

डर के कारण महिलाएं घर में ही बंद रहीं. ठगों के निर्देश पर बच्चों तक को कमरे में नहीं आने दिया गया. आरोपी ने 40 लाख रुपये की मांग की और बात न मानने पर गिरफ्तारी की धमकी दी.

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डिजिटल अरेस्ट कर महिलाओं से 48 लाख की ठगी

Rajasthan News: बीकानेर के करणी नगर क्षेत्र में साइबर ठगों ने एक बुजुर्ग महिला सहित दो महिलाओं को तीन दिन तक डिजिटल अरेस्ट में रखकर 48 लाख रुपये की ठगी कर ली. ठगों ने खुद को एनआईए अधिकारी बताकर महिलाओं को डराया और मानसिक रूप से प्रताड़ित किया. जानकारी के अनुसार, घटना 21 से 23 जनवरी के बीच की है. आरोपियों ने अलग-अलग मोबाइल नंबरों से कॉल कर महिलाओं को धमकाया और सुप्रीम कोर्ट के फर्जी आदेश व गिरफ्तारी वारंट व्हाट्सएप पर भेजे.

डर के कारण कमरे में बंद रही महिलाएं

इसके अलावा वीडियो कॉल के जरिए एक फर्जी ऑफिस दिखाया गया, जिसकी दीवार पर एनआईए का लोगो लगा हुआ था और कुछ लोग अधिकारी बनकर खड़े दिखाई दिए. डर के कारण महिलाएं घर में ही बंद रहीं. ठगों के निर्देश पर बच्चों तक को कमरे में नहीं आने दिया गया. आरोपी ने 40 लाख रुपये की मांग की और बात न मानने पर गिरफ्तारी की धमकी दी.

एफडी तुड़वाकर ट्रांसफर किए 48 लाख रुपये

इसके बाद महिलाओं को बैंक जाने की अनुमति दी गई, लेकिन किसी से बात न करने की सख्त हिदायत दी गई. महिलाएं केईएम रोड स्थित एसबीआई शाखा पहुंचीं, जहां एक महिला ने अपनी एफडी तुड़वाकर 48 लाख रुपये दो अलग-अलग खातों में आरटीजीएस के जरिए ट्रांसफर कर दिए. 

साइबर थाना प्रभारी रमेश सर्वटा ने बताया कि पीड़ित की रिपोर्ट पर अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है. उन्होंने लोगों से अपील की है कि किसी भी अनजान कॉल या डिजिटल अरेस्ट के नाम पर डरें नहीं और तुरंत साइबर थाने को सूचना दें. 

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