Rajasthan News: राजस्थान के जयपुर में अवैध कब्जों के खिलाफ बड़ा एक्शन देखने को मिला, जहां जयपुर विकास प्राधिकरण ने एक साथ कई जगहों पर कार्रवाई करते हुए करीब 5 बीघा बेशकीमती सरकारी जमीन को अतिक्रमण से मुक्त कराया. इस जमीन की कीमत करीब 20 करोड़ रुपये बताई जा रही है. कार्रवाई के दौरान मौके पर हड़कंप मच गया और अवैध निर्माणों को जेसीबी मशीनों से हटाया गया.
सड़क किनारे बने 11 पक्के मकान भी हटाए गए
प्रवर्तन दस्ते ने 160 फीट रोड, गोपालपुरा बाईपास बदरवास इलाके में सड़क सीमा पर किए गए अतिक्रमण को भी हटाया. यहां 11 पक्के मकान, लंबे चबूतरे, बाउंड्री वॉल, लोहे के एंगल, टीनशेड, ठेले, तंबू, होर्डिंग और अन्य अस्थायी ढांचे बनाकर सड़क को घेर लिया गया था. टीम ने राजस्व और तकनीकी स्टाफ की निशानदेही पर पूरे क्षेत्र को साफ कर दिया.
दौलतपुरा बैनाड़ में भी चला अभियान
जोन-17 के तहत ग्राम दौलतपुरा बैनाड़ में खसरा नंबर 750 और 751 की करीब 5 बीघा सरकारी जमीन पर स्थानीय लोगों द्वारा कांटों की बाड़, झाड़ियां और तारबंदी कर कब्जा कर लिया गया था. प्रवर्तन टीम ने यहां भी जेसीबी और मजदूरों की मदद से पूरा अतिक्रमण हटाकर जमीन को मुक्त कराया.
अधिकारियों की निगरानी में हुई बड़ी कार्रवाई
यह पूरी कार्रवाई जयपुर विकास आयुक्त सिद्धार्थ महाजन के निर्देशों पर और मुख्य नियंत्रक प्रवर्तन शिल्पा चौधरी के पर्यवेक्षण में की गई. उप महानिरीक्षक पुलिस आनंद शर्मा ने बताया कि यह अभियान जोन-पीआरएन साउथ और जोन-17 की टीमों के सहयोग से चलाया गया, जिसमें राजस्व और तकनीकी स्टाफ की अहम भूमिका रही.
जीरो टॉलरेंस नीति के तहत जारी रहेगा अभियान
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के जीरो टॉलरेंस और सुशासन के विजन के तहत जेडीए लगातार अवैध कॉलोनियों और अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई कर रहा है. अधिकारियों ने साफ किया है कि आगे भी ऐसे अभियान लगातार जारी रहेंगे और सरकारी जमीन पर कब्जा करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा.
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