Barmer News: राजस्थान की सरहदी सियासत में उस वक्त उबाल आ गया जब कांग्रेस के कद्दावर नेता और पूर्व जिला अध्यक्ष फतेह खान (Fateh Khan) ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Modi) पर तीखा प्रहार किया. 13 मार्च को बाड़मेर जिला मुख्यालय पर गैस की बढ़ती कीमतों के खिलाफ कांग्रेस पार्टी का हल्ला बोल चल रहा था, लेकिन इसी प्रदर्शन के दौरान फतेह खान ने कुछ ऐसे 'विवादित' बोल बोले जिसने अब उनके लिए जेल की राह आसान कर दी है. आरोप है कि उन्होंने मंच से देश की एकता, अखंडता और संप्रभुता के खिलाफ न केवल बयानबाजी की, बल्कि सरेआम भ्रामक सूचनाएं भी फैलाईं.
जैसलमेर में 'जीरो नंबर FIR'
इस पूरे मामले ने तब तूल पकड़ा जब जैसलमेर के अधिवक्ता लालूसिंह सोढ़ा ने फतेह खान के खिलाफ जैसलमेर कोतवाली में मोर्चा खोल दिया. चूंकि यह पूरी घटना बाड़मेर कोतवाली थाना क्षेत्र की थी, इसलिए जैसलमेर पुलिस ने तुरंत हरकत में आते हुए 'जीरो नंबर FIR' दर्ज की और इसे जांच के लिए बाड़मेर ट्रांसफर कर दिया. बाड़मेर पुलिस ने अब औपचारिक रूप से मामला दर्ज कर लिया है और फतेह खान के खिलाफ कानूनी शिकंजा कसना शुरू कर दिया है.
BNS की इन धाराओं में फंसा पेंच
बाड़मेर कार्यवाहक पुलिस अधीक्षक नितेश आर्य ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि 13 मार्च को हुए प्रदर्शन के दौरान फतेह खान ने देश की संप्रभुता के खिलाफ हानिकारक आरोप लगाए हैं. पुलिस ने फतेह खान के खिलाफ BNS की धारा 197(1)(d) के तहत केस दर्ज किया है, जो राष्ट्रीय एकता और अखंडता के खिलाफ हेट स्पीच से संबंधित है. पुलिस अब उस दिन के वीडियो फुटेज और भाषण के हर एक शब्द की बारीकी से जांच कर रही है.
फतेह खाने ने क्या बयान दिया था?
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में फतेह सिंह कहते नजर आ रहे हैं- 'अभी कुछ दिनों पहले एक राष्ट्र के राष्ट्रपति को डोनाल्ड ट्रंप ने उठवा लिया था. कहीं ऐसा ना हो जाए कि भारत के प्रधानमंत्री को भी अमेरिका के राष्ट्रपति उठाकर ले जाएं और भारत पर कब्जा हो जाए. ये छोटी बात नहीं है. ये बहुत गंभीर बात है. भारत में कुछ भी काम करना हो तो पीएम मोदी अमेरिका की तरफ मुंह करके बात करते हैं. भारत कहां से ऑयल खरीदेगा, यह भी अमेरिकी सरकार के नुमाइंदे तय करके बताते हैं. वे लोग ट्वीट करके बताते हैं कि भारत को रूस से तेल खरीदने के लिए 30 दिन की मोहलत दी गई है. ये बहुत शर्म की बात है. दुनिया में जितने भी भारत के मित्र और पड़ोसी देश हैं, आज वे सब नाराज हैं. इन हालातों में भारत के नागरिकों को जागना होगा और इसका मुकाबला करके निकम्मी सरकार को भगाना होगा.'
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