राजस्थान का सीमावर्ती जिला बाड़मेर, जो कभी पारंपरिक मादक पदार्थों की तस्करी के लिए जाना जाता था, अब 'एमडी' (MD) जैसी खतरनाक सिंथेटिक ड्रग्स के उत्पादन का नया केंद्र बनता जा रहा है। सुनसान रेतीले धोरों और भारतमाला परियोजना के लंबे निर्जन रास्तों का फायदा उठाकर ड्रग माफिया यहाँ अपनी अवैध फैक्ट्रियां लगा रहे हैं।