राजस्थान के कैबिनेट मंत्री जोगाराम पटेल ने आज जोधपुर सर्किट हाउस में जनसुनवाई के बाद मीडिया से बातचीत की. उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की कार्यशैली और देशहित में लिए जा रहे निर्णयों की सराहना की. कैबिनेट मंत्री जोगाराम पटेल ने कहा कि पश्चिमी एशिया में चल रहे संकट को देखते हुए प्रधानमंत्री ने देशवासियों और जनप्रतिनिधियों से फिजूलखर्ची रोकने, काफिले में अनावश्यक वाहन कम करने, विदेश यात्राओं से बचने और निजी होटलों में अनावश्यक बैठकों से परहेज करने का आह्वान किया है, जिससे बचाया गया धन देश और आम जनता के काम आ सके. उन्होंने कहा कि कोरोना काल में भी प्रधानमंत्री के नेतृत्व में भारत ने पूरी दुनिया को एकजुटता और अनुशासन का संदेश दिया था.
"जनता जर्नादन सर्वोपरि है"
कैबिनेट मंत्री ने जनसुनवाई को जनता के प्रति अपनी जिम्मेदारी बताते हुए कहा कि जनता जनार्दन सर्वोपरि है. उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के निर्देशानुसार सभी मंत्री सप्ताह में निर्धारित समय पर जन सुनवाई कर रहे हैं, और आम लोगों की समस्याओं का समाधान करने का प्रयास कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि परिवार से पहले जनता के प्रति कर्तव्य आता है, और वे पूरी निष्ठा से अपनी जिम्मेदारी निभा रहे हैं.
"गौ हत्या नहीं होनी चाहिए"
जीव हत्या और धार्मिक त्योहारों के दौरान पशु बलि के सवाल पर जोगाराम पटेल ने कहा कि जैन धर्म, हिंदू धर्म और अन्य कई परंपराओं में जीव हत्या को गलत माना गया है. उन्होंने कहा कि गौ हत्या नहीं होनी चाहिए, और जीव-जंतुओं की हत्या पर रोक लगनी चाहिए, लेकिन यह विषय संवैधानिक और सामाजिक दोनों दृष्टि से गंभीर है. उन्होंने कहा कि सभी धर्मों और उनकी पूजा पद्धतियों का सम्मान भी जरूरी है.
"स्वेच्छा से हिंसा छोड़नी चाहिए"
उन्होंने आमजन से अपील करते हुए कहा कि त्योहारों को बिना जीव हत्या के भी मनाया जा सकता है. उन्होंने कहा कि जैन धर्म, हिंदू धर्म और बिश्नोई समाज की परंपराओं में जीव रक्षा को सर्वोच्च माना गया है, और लोगों को स्वेच्छा से हिंसा छोड़नी चाहिए. उन्होंने विश्वास जताया कि समाज में जागरूकता बढ़ने के साथ धीरे-धीरे जीव हत्या पूरी तरह बंद हो सकती है.
अजमेर दरगाह शरीफ से गौ हत्या बंद करने की उठी मांग के सवाल पर भी मंत्री ने कहा कि सभी समाजों को मिलकर जीवों की रक्षा के लिए आगे आना चाहिए, और सामाजिक सद्भाव बनाए रखते हुए संवेदनशीलता के साथ इस विषय पर विचार करना चाहिए.
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