
राजस्थान में विधानसभा चुनाव के नजदीक आने के साथ प्रदेश में चुनावी पारा चढ़ने लगा है. विभिन्न दलों के कार्यकर्ता अपने पार्टी के प्रचार प्रसार के लिए पूरे जोश के साथ जुटे हैं. सवाई माधो सिंह में राज्य सरकार के योजनाओं के प्रचार रथ का पोस्टर किसी व्यक्ति ने फाड़ दिया जिसको लेकर दो दलों के कार्यकर्ता आमने-सामने आ गए.
जिसके बाद पुलिस ने एक संदिग्ध युवक को हिरासत में ले लिया, लेकिन भाजपा कार्यकर्ताओं के दबाव में पुलिस को संदिग्ध युवक को छोड़ना पड़ा. मामला जिले के मलारना डूंगर थाना क्षेत्र के मकसूदनपुरा चौहानपुरा गांव का है. जहां इंदिरा गांधी स्मार्टफोन योजना का प्रचार कर रहे रथ पर कुछ ग्रामीणों ने हमला कर दिया और रथ पर लगे पोस्टर फाड़ दिए. साथ ही रथ पर तैनात कर्मिकों से धक्का-मुक्की की.
उन्होंने पुलिस प्रशासन पर विधायक के दबाव में निर्दोष लोगों को पकड़ने का आरोप लगाते हुए पुलिस थाने के समक्ष जमकर प्रदर्शन किया. देखते ही देखते पुलिस थाने पर ग्रामीणों के साथ भाजपा प्रदेश कार्य समिति सदस्य आशा मीणा, जिला परिषद सदस्य सत्य प्रकाश बरियारा सहित सैकड़ो लोगों के भीड़ इकट्ठा हो गई और संदिग्ध युवक कंवर सिंह गुर्जर की रिहाई की मांग की गई.
गुस्साए ग्रामीणों व भाजपा कार्यकर्ताओं ने बताया कि पुलिस प्रशासन के द्वारा स्थानीय विधायक दानिश अबरार के दबाव में निर्दोष व्यक्ति को हिरासत में लिया गया. युवक की रिहाई की मांग को लेकर देखते-देखते पुलिस थाने पर बड़ी संख्या में लोगों की भीड़ जमा हो गई.
उधर मामले को लेकर थाना अधिकारी लखन सिंह खटाना ने बताया कि इंदिरा गांधी स्मार्टफोन योजना का प्रचार-प्रसार कर रहे रथ का कुछ लोगो द्वारा पोस्टर फाड दिया. शक के आधार पर एक युवक को हिरासत में लिया और पुलिस थाने पर पूछताछ के लिए लेकर आई किंतु इंदिरा गांधी स्मार्टफोन रथ पर तैनात कर्मिकों द्वारा हिरासत में लिए गए युवक की पहचान नहीं की गई जिसके उपरांत युवक कंवरसिंह गुर्जर को रिहा कर दिया.