विज्ञापन
This Article is From Jan 17, 2026

"ऐसा पहली बार, जब सरकार अपनी ही जांच एजेंसी के खिलाफ बहस कर रही", पेपर लीक मामले में याचिकाकर्ताओं की दलील

सुप्रीम कोर्ट ने एकलपीठ के फैसले को बहाल करते हुए तीन माह के भीतर सुनवाई पूरी करने के निर्देश दिए हैं. राजस्थान हाईकोर्ट में सभी याचिकाओं पर सुनवाई जारी है.

"ऐसा पहली बार, जब सरकार अपनी ही जांच एजेंसी के खिलाफ बहस कर रही", पेपर लीक मामले में याचिकाकर्ताओं की दलील

SI Paper leak case in Rajasthan High court: एसआई भर्ती-2021 पेपर लीक मामले में याचिकाकर्ताओं ने राजस्थान हाईकोर्ट में पक्ष रखा. याचिकाकर्ता ने कोर्ट में दलील दी कि एसओजी की रिपोर्ट कोई काल्पनिक कहानी नहीं, बल्कि 3 चार्जशीट पर आधारित तथ्यात्मक दस्तावेज है. एसआई भर्ती के पेपर 13 से 15 सितंबर तक हुए, जो पूरे प्रदेश में व्यापक स्तर पर लीक हो गए. सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता कैलाशचन्द्र शर्मा की ओर से दलील दी गई कि प्रदेश में पहली बार राज्य सरकार अपनी ही जांच एजेंसी के खिलाफ बहस कर रही है. उन्होंने कोर्ट को बताया कि पेपर लीक में परीक्षा केंद्र के कर्मचारी सहित अन्य लोग शामिल थे. साथ ही आरपीएससी के सदस्यों की भूमिका भी सामने आई है. मामले में सुनवाई सोमवार (19 जनवरी) से जारी रहेगी. 

सवाल- परीक्षा स्थगित क्यों नहीं हुई?

याचिकाकर्ता की ओर से एडवोकेट हरेंद्र नील ने बताया कि 13 सितंबर को पहला पेपर चाचा-भतीजा ब्लूटूथ गैजेट गिरोह के तुलछाराम कालेर और सौरभ कालेर ने बीकानेर के रामसहाय सीनियर सेकेंडरी स्कूल से लीक किया. उसी दिन पाली और बीकानेर में रिपोर्ट दर्ज हुई, फिर भी परीक्षा स्थगित नहीं की गई. 

वीडियोग्राफी नहीं होने पर भी सवाल

14-15 सितंबर को जयपुर से कई गिरोहों तक पेपर पहुंचाने वाले यूनिक भांभू और जगदीश विश्नोई विदेश फरार हो गए, जिन पर 1 लाख रुपए का इनाम घोषित हुआ. इस दौरान 11 एफआईआर दर्ज हुई. अभ्यर्थियों की ओर से कहा गया कि एक परीक्षा केंद्र पर अभ्यर्थी के पास मोबाइल से पेपर कॉपी बरामद हुई. आरपीएससी ने केंद्रों पर वीडियोग्राफी भी नहीं कराई, जिससे लीक का स्रोत पता लगाना मुश्किल है और मामला दबाने की कोशिश हुई.

3 महीने के भीतर पूरी होनी है सुनवाई

बता दें कि एसआई भर्ती पेपरलीक मामले में हाईकोर्ट की एकलपीठ ने 28 अगस्त को एसआई भर्ती को रद्द किया था. इस फैसले को चयनित अभ्यर्थियों ने खंडपीठ में चुनौती दी थी. खंडपीठ ने फैसले पर रोक लगा दी थी. हालांकि बाद में अन्य अभ्यर्थी सुप्रीम कोर्ट गए. सुप्रीम कोर्ट ने एकलपीठ के फैसले को बहाल करते हुए खंडपीठ को तीन माह के भीतर सुनवाई पूरी करने के निर्देश दिए हैं.

एकलपीठ के फैसले के खिलाफ सरकार ने दायर की थी याचिका

इसके बाद सरकार की ओर से भी एकलपीठ के फैसले के खिलाफ याचिका दायर की गई है. अब इन सभी याचिकाओं पर राजस्थान हाईकोर्ट लगातार सुनवाई कर रही है. सरकार की ओर से दलील दी गई कि भर्ती रद्द करना सही नहीं है. जांच एजेंसी अभी मामले में छंटनी कर सकती है. साथ ही पेपर लीक पूरे राज्य में नहीं हुई, इसलिए भर्ती रद्द ना की जाए.

यह भी पढ़ेंः राजस्थान में मौसम लेगा जबरदस्त करवट, पहले 3 डिग्री तक चढ़ेगा पारा, फिर 22 से 24 जनवरी तक बरसेंगे बादल

पूरी स्टोरी पढ़ें

Rajasthan.NDTV.in पर राजस्थान की ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें. देश और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं. इसके अलावा, मनोरंजन की दुनिया हो, या क्रिकेट का खुमार, लाइफ़स्टाइल टिप्स हों, या अनोखी-अनूठी ऑफ़बीट ख़बरें, सब मिलेगा यहां-ढेरों फोटो स्टोरी और वीडियो के साथ.

फॉलो करे:
Close