Mumbai News: भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के गवर्नर संजय मल्होत्रा (Sanjay Malhotra) ने शुक्रवार को अपनी नई मौद्रिक नीति (Monetary Policy) का ऐलान किया. इस बार का फोकस डिजिटल बैंकिंग को सुरक्षित बनाने और छोटे कारोबारियों को बिना किसी अड़चन के पैसा उपलब्ध कराने पर रहा. आइए जानते हैं इस पॉलिसी की 5 सबसे बड़ी बातें जो आपके काम की हैं.
डिजिटल फ्रॉड हुआ तो मिलेगा ₹25,000 तक का मुआवजा
अब ऑनलाइन बैंकिंग में धोखाधड़ी होने पर ग्राहकों को अपनी मेहनत की कमाई खोने का डर कम होगा. RBI ने एक नया फ्रेमवर्क प्रस्तावित किया है, जिसके तहत छोटे मूल्य के डिजिटल फ्रॉड होने पर ग्राहकों को ₹25,000 तक का मुआवजा दिया जा सकेगा. इसके लिए नए नियम (Guidelines) जल्द जारी होंगे. इसके अलावा, बुजुर्गों के लिए 'एडिशनल ऑथेंटिकेशन' जैसे सुरक्षा फीचर लाए जाएंगे ताकि उन्हें ठगी से बचाया जा सके.
छोटे व्यापारियों (MSME) को अब ₹20 लाख का लोन
अगर आप छोटा बिजनेस (MSME) चलाते हैं, तो अब आपको अपना काम बढ़ाने के लिए बैंक के चक्कर कम काटने होंगे. RBI ने बिना किसी गारंटी (Collateral-free) वाले लोन की सीमा को ₹10 लाख से बढ़ाकर ₹20 लाख करने का फैसला किया है. अब छोटे उद्यमी बिना जमीन या जेवर गिरवी रखे दोगुना लोन ले सकेंगे.
आपकी EMI पर क्या होगा असर?
रिजर्व बैंक ने इस बार ब्याज दरों (Repo Rate) में कोई बदलाव नहीं किया है और इसे 5.25% पर बरकरार रखा है. इसका सीधा मतलब है कि फिलहाल आपके होम लोन, कार लोन या पर्सनल लोन की EMI नहीं बढ़ेगी. RBI अभी अर्थव्यवस्था को स्थिर रखने पर ध्यान दे रहा है.
महंगाई और घर का बजट
साल 2025-26 के लिए औसत महंगाई दर 2.1% रहने का अनुमान है, जो कि काफी राहत भरा है. हालांकि, गवर्नर ने चेतावनी दी है कि जनवरी से मार्च 2026 के बीच यह आंकड़ा थोड़ा बढ़कर 3.2% हो सकता है. यह बढ़ोतरी मुख्य रूप से तकनीकी कारणों (बेस इफेक्ट) की वजह से होगी, इसलिए घबराने की जरूरत नहीं है. अनाज और सब्जियों की सप्लाई फिलहाल मजबूत बनी हुई है.
अर्थव्यवस्था की रफ्तार और GDP
भारत की अर्थव्यवस्था दुनिया में सबसे तेज भाग रही है. अगले साल (2026-27) की पहली छमाही के लिए विकास दर का अनुमान बढ़ाकर 7% कर दिया गया है. लोग जमकर खरीदारी कर रहे हैं, सरकार इंफ्रास्ट्रक्चर पर पैसा खर्च कर रही है और खेती की स्थिति भी शानदार है.
अन्य महत्वपूर्ण घोषणाएं
- अर्बन कोऑपरेटिव बैंक (UCB) के लिए 'मिशन सक्षम' (Mission-SAKSHAM) लॉन्च किया जाएगा, जिसके तहत 1.4 लाख से ज्यादा बैंक कर्मचारियों को ट्रेनिंग दी जाएगी.
- 1000 करोड़ से कम एसेट वाली NBFCs को रजिस्ट्रेशन और नई ब्रांच खोलने के नियमों में ढील दी गई है.
- अब बैंक REITs (Real Estate Investment Trusts) को भी लोन दे सकेंगे, जिससे रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश बढ़ेगा.
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