Rajasthan Politics: राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री Ashok Gehlot लागातार सरकार को घेर रहे हैं. सोमवार (6 अप्रैल) को गहलोत ने जयपुर सिविल लाइंस आवास पर मीडिया से बातचीत में राज्य सरकार पर हमला बोला. उन्होंने कहा कि ओलावृष्टि और लगातार खराब मौसम के चलते किसानों की फसलें बर्बाद हो रही हैं और क्लाइमेट चेंज का असर साफ दिखाई दे रहा है. उन्होंने सरकार से मांग की कि किसानों को समय पर मुआवजा दिया जाए, ताकि उनकी आर्थिक स्थिति और न बिगड़े.
RGHS का एक हजार करोड़ रुपये का भुगतान लंबित
RGHS योजना को लेकर गहलोत ने गंभीर आरोप लगाए. उन्होंने कहा कि अस्पतालों और दवा दुकानदारों को भुगतान नहीं होने से इलाज प्रभावित हो रहा है. उनके मुताबिक करीब एक हजार करोड़ रुपये का भुगतान लंबित है, जिसके चलते निजी अस्पताल मरीजों से पैसे मांग रहे हैं और कई जगहों पर योजना के तहत इलाज देना बंद कर दिया गया है. उन्होंने कहा कि इस योजना से जुड़े पेंशनर्स, रिटायर्ड कर्मचारी और पत्रकार सीधे प्रभावित हो रहे हैं और सरकार इस मुद्दे पर स्पष्ट जवाब देने से बच रही है.
गहलोत ने कहा कि प्रदेश में मेडिकल सुविधाओं को लेकर हालात चिंताजनक हैं और लोगों में सरकार के प्रति नाराजगी बढ़ रही है. उन्होंने सरकार से कम से कम स्थिति स्पष्ट करने की मांग की, ताकि लोगों को राहत मिल सके.
सरकार के पास कोई ठोस जवाब नहीं
इंतजारशास्त्र के मुद्दे पर भाजपा नेताओं के बयानों पर प्रतिक्रिया देते हुए गहलोत ने कहा कि सरकार के पास कोई ठोस जवाब नहीं है. उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार सवालों से बच रही है और मुद्दों को घुमाने की कोशिश कर रही है.
उन्होंने कहा कि विपक्ष का काम सवाल पूछना है और जनता के हित में जवाब मांगना उनका अधिकार है. गहलोत ने कहा कि सरकार को जिम्मेदारी के साथ जवाब देना चाहिए, न कि उलझे हुए बयान देकर स्थिति को और भ्रमित करना चाहिए.
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