नागौर जिले के रियां बड़ी क्षेत्र के लाडपुरा गांव में शनिवार देर रात गौ तस्करी के संदेह में ग्रामीणों ने चार युवकों को रंगे हाथों पकड़ लिया. पकड़े गए युवकों से पूछताछ के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने खुद ही उन्हें सजा सुनाते हुए उनका मुंडन कर दिया और आधी मूंछे भी काट दी. सूचना पर पहुंची थांवला थाना पुलिस ने चारों आरोपियों को भीड़ से छुड़ाकर हिरासत में लिया.
गाय इकट्ठा करते पकड़े गए आरोपी
जानकारी के अनुसार, लाडपुरा के पास छापर इलाके में ग्रामीणों ने 4 संदिग्ध लोगों को आवारा गायों को एक स्थान पर इकट्ठा करते हुए देखा. संदेह होने पर जब स्थानीय लोगों ने उनसे पूछताछ की, तो वे संतोषजनक जवाब नहीं दे पाए. कड़ाई से पूछने पर आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे इन गायों को आगे बेचने के मकसद से इकट्ठा कर रहे थे. आरोपियों ने यह भी कबूल किया कि वे पहले भी इस क्षेत्र से गौ तस्करी की वारदातों को अंजाम दे चुके हैं.
आक्रोशित भीड़ ने किया मुंडन
ग्रामीणों ने आरोपियों को सबक सिखाने के लिए उनका मुंडन कर दिया. इस दौरान एक आरोपी की भौंह और आधी मूंछ भी काट दी गई. मौके पर मौजूद सैकड़ों की भीड़ ने 'जय श्री राम' और 'गौ माता की जय' के नारे लगाए. ग्रामीणों का कहना था कि क्षेत्र में बढ़ रही, ऐसी गतिविधियों को रोकने के लिए आरोपियों को इस तरह का कड़ा सबक सिखाना जरूरी था.
सरपंच की सूचना पर पहुंची पुलिस
घटना की संवेदनशीलता को देखते हुए सरपंच जगाराम रावत ने तुरंत थांवला थाना पुलिस को सूचित किया. पुलिस दल ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला, और ग्रामीणों के कब्जे से चारों युवकों को छुड़ाया. पकड़े गए आरोपियों की पहचान लाडपुरा निवासी दिनेश साटिया, ओमप्रकाश साटिया, कालू साटिया और दौलतपुरा निवासी प्रकाश धानका के रूप में हुई है.
पुलिस फिलहाल आरोपियों से गहन पूछताछ कर रही है, और मामले की जांच में जुट गई है. इस दौरान मौके पर दिनेश चौधरी, तिलोक राव, फजल खान और रामदेव सैन सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे.
पुलिस ने शांति भंग में किया गिरफ्तार
थांवला थाना अधिकारी अशोक कुमार का कहना है कि अभी इस घटना में ग्रामीणों की तरफ से कोई मामला दर्ज नहीं कराया गया, जिसके चलते चारों युवकों को शांति भंग के आरोप में गिरफ्तार किया गया है. पूछताछ उनसे की जा रही है. पूर्व में भी यह युवक आवारा गायों को पड़कर आगे बेच चुके हैं. यह बात युवकों ने खुद भी स्वीकार की है. कहां ले जाकर बेचना था क्या इनका उद्देश्य था? उसके बारे में अभी पुलिस पूछताछ कर रही है.
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