विज्ञापन

हनुमान बेनीवाल ने उठाया किसानों की कर्ज माफी का मुद्दा, कहा- वित्त विधेयक उम्मीद पर खरा नहीं उतर रहा

बेनीवाल ने कहा कि वित्त विधेयक केवल करों का दस्तावेज नहीं, बल्कि देश की आर्थिक दिशा तय करने वाला महत्वपूर्ण माध्यम होता है, लेकिन यह विधेयक गरीब, किसान, युवा और मध्यम वर्ग की उम्मीदों पर खरा नहीं उतर रहा.

हनुमान बेनीवाल ने उठाया किसानों की कर्ज माफी का मुद्दा, कहा- वित्त विधेयक उम्मीद पर खरा नहीं उतर रहा

Hanuman Beniwal: लोकसभा में वित्त विधेयक 2026 पर चर्चा के दौरान नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल ने केंद्र सरकार की आर्थिक नीतियों पर सवाल उठाया. उन्होंने किसानों की संपूर्ण कर्ज माफी, न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीद के लिए गारंटी कानून और केंद्रीय कर्मचारियों के लिए ओल्ड पेंशन स्कीम (OPS) दोबारा लागू करने की मांग की. बेनीवाल ने कहा कि वित्त विधेयक केवल करों का दस्तावेज नहीं, बल्कि देश की आर्थिक दिशा तय करने वाला महत्वपूर्ण माध्यम होता है, लेकिन यह विधेयक गरीब, किसान, युवा और मध्यम वर्ग की उम्मीदों पर खरा नहीं उतर रहा. उन्होंने सरकार से सवाल किया कि यदि देश की अर्थव्यवस्था इतनी मजबूत है तो आम आदमी की जेब पर बोझ लगातार क्यों बढ़ रहा है.

सांसद ने महंगाई को देश की सबसे बड़ी समस्या बताते हुए कहा कि खाद्य पदार्थों से लेकर ईंधन तक हर चीज महंगी होती जा रही है और गरीब की थाली से पोषण गायब हो रहा है. उन्होंने आरोप लगाया कि इस विधेयक में महंगाई नियंत्रण के लिए कोई ठोस और त्वरित उपाय नजर नहीं आता. साथ ही पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की कीमतों में कटौती की मांग भी उठाई.

अर्द्धसैनिक बलों के जवानों को शहीद का दर्जा

बेनीवाल ने अर्द्धसैनिक बलों के जवानों को शहीद का दर्जा देने, अग्निवीर योजना के स्थान पर नियमित सेना भर्ती बहाल करने और बेरोजगारी के समाधान के लिए ठोस नीति बनाने की भी मांग की. उन्होंने कहा कि सरकार की नीतियां बड़े कॉरपोरेट घरानों के पक्ष में झुकी हुई हैं जबकि आम जनता पर अप्रत्यक्ष करों का बोझ लगातार बढ़ रहा है, जिससे आर्थिक असमानता गहराती जा रही है.

प्राकृतिक आपदा से फसलों को हुए नुकसान के लिए पैकेज

उन्होंने संघीय ढांचे का मुद्दा उठाते हुए कहा कि राज्यों को उनका वित्तीय हिस्सा समय पर नहीं मिल रहा, जिससे विकास कार्य प्रभावित हो रहे हैं. शिक्षा, स्वास्थ्य और पोषण जैसे सामाजिक क्षेत्रों में भी अपेक्षित बजट वृद्धि नहीं की गई है. राजस्थान सहित कई राज्यों में प्राकृतिक आपदा से फसलों को हुए नुकसान का जिक्र करते हुए बेनीवाल ने किसानों के लिए विशेष राहत पैकेज देने की मांग केंद्र सरकार से की.

नागौर क्षेत्र से जुड़े मुद्दों को उठाते हुए सांसद ने स्टेट बैंक ऑफ इंडिया का आरबीओ कार्यालय पुनः शुरू करने, बीमा कंपनियों का क्लेम हब नागौर में स्थापित करने और पश्चिमी राजस्थान के लिए विशेष जल योजना बनाने की मांग रखी. इसके साथ ही उन्होंने पीएम किसान सम्मान निधि की राशि बढ़ाकर एक लाख रुपये करने, सांसद निधि को न्यूनतम 20 करोड़ रुपये वार्षिक करने और किसान क्रेडिट कार्ड योजना में शर्तों में ढील देने की भी बात कही.

सांसद ने यह भी मांग की कि नागौर और डीडवाना-कुचामन जिले के उन गांवों में राष्ट्रीयकृत बैंकों की शाखाएं खोली जाएं जहां आबादी पांच हजार से अधिक है, लेकिन बैंकिंग सुविधा उपलब्ध नहीं है.

यह भी पढ़ेंः राजस्थान 10वीं बोर्ड रिजल्ट में शेखावाटी का दबदबा... नागौर ने चौंकाया, कोटा टॉप 5 में भी नहीं

    Rajasthan.NDTV.in पर राजस्थान की ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें. देश और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं. इसके अलावा, मनोरंजन की दुनिया हो, या क्रिकेट का खुमार, लाइफ़स्टाइल टिप्स हों, या अनोखी-अनूठी ऑफ़बीट ख़बरें, सब मिलेगा यहां-ढेरों फोटो स्टोरी और वीडियो के साथ.

    फॉलो करे:
    Close