
Rajasthan Politics: राजस्थान में परिसीमन का काम जारी है. वहीं कांग्रेस सरकार पर अलग-अलग आरोप लगा रही है. इस बीच नगरीय विकास राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) झाबर सिंह खर्रा ने कांग्रेस पर हमला बोलते हुए कहा कि विपक्ष को परिसीमन से नहीं, बल्कि सुशासन, सुधारों और ‘एक प्रदेश-एक चुनाव' प्रणाली से दिक्कत है. उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस बेवजह इस मुद्दे पर राजनीति कर रही है और इसके नेता सिर्फ बयानबाजी की होड़ में लगे हुए हैं.
मंत्री खर्रा ने कहा कि परिसीमन की प्रक्रिया पूरी तरह कानूनी और लोकतांत्रिक है. इसमें हर नागरिक और मतदाता को आपत्ति दर्ज कराने का अधिकार है. उन्होंने कहा कि राजनीतिक दल भी अपनी आपत्तियां दर्ज करा सकते हैं, लेकिन कांग्रेस इसे राजनीतिक रंग देकर जनता को गुमराह कर रही है.
परिसीमन करना राज्य सरकार का आधिकार
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का मुख्य उद्देश्य जनहित में फैसले लेना है. मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकारें जनता की भलाई के लिए काम कर रही हैं, और अगर इससे किसी राजनीतिक दल को दिक्कत हो रही है, तो उसका कोई इलाज नहीं है. अगर परिसीमन का मामला कोर्ट में जाता है, तो सरकार मजबूती से अपना पक्ष रखेगी और न्यायालय जो भी निर्णय करेगा, उसे स्वीकार किया जाएगा. उन्होंने कहा कि परिसीमन करना राज्य सरकार का अधिकार है और उच्च न्यायालय भी इस संबंध में अपनी राय दे चुका है.
कांग्रेस कर रही है बेवजह विरोध
मंत्री ने आरोप लगाया कि कांग्रेस लोकतंत्र और सुधारों की आड़ में केवल राजनीति कर रही है. उन्होंने कहा कि हम नियमानुसार कानून के तहत काम कर रहे हैं, विपक्ष इसे बेवजह मुद्दा बना रहा है. सरकार का कहना है कि परिसीमन की प्रक्रिया से जनता को ही लाभ मिलेगा और इसका उद्देश्य शहरी विकास को सुचारू बनाना और प्रशासनिक कामकाज को बेहतर करना है.
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