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राजस्थान में आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन के 681 से ज्यादा शिकायतें, जानें कौन सा मामला सबसे ज्यादा

आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन पर कड़ी निगरानी रखने के लिए भारत निर्वाचन आयोग द्वारा'सी विजिल' एप बनाया गया है. जिससे शिकायतों के समाधान का बेहतरीन जरिया बनता जा रहा है.

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राजस्थान में आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन के 681 से ज्यादा शिकायतें, जानें कौन सा मामला सबसे ज्यादा
C Vigil ऐप के जरिए आचार संहिता उल्लंघन का मामला दर्ज करें.

Rajasthan News: लोकसभा चुनाव 2024 की तारीखों के ऐलान के साथ ही पूरे देश में आचार संहिता लागू हो चुकी है. वहीं आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन पर कड़ी निगरानी रखने के लिए भारत निर्वाचन आयोग द्वारा'सी विजिल' एप बनाया गया है. जिससे शिकायतों के समाधान का बेहतरीन जरिया बनता जा रहा है. एप के माध्यम से अब तक 681 शिकायतें मिली है जिनमें से 277 का तुरंत समाधान कर दिया गया.

मुख्य निर्वाचन अधिकारी प्रवीण गुप्ता ने बताया कि प्रदेश में आदर्श आचार संहिता के लागू होने से अब तक 681 शिकायतें प्राप्त हुई हैं, जिनमें से रिटर्निंग ऑफिसर्स ने 277 शिकायतों को सही पाया और उनका तय समय सीमा में निस्तारण किया गया.

सबसे ज्यादा शिकायतें अवैध पोस्टर-बैनर को लेकर 

मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि अवैध पोस्टर-बैनर को लेकर सबसे ज्यादा 326 शिकायतें मिली, जिनमें 234 सही पायी गयी. इसी तरह शराब वितरण की 14 शिकायतों में 2 सही पायी गयी, जिन पर तय वक्त में कार्रवई की गयी. सी- विजिल पर आदर्श आचार संहिता की सबसे ज्यादा 155 शिकायतें टोंक जिले से प्राप्त हुईं. और सबसे ज्यादा कार्यवाही भी टोंक जिले के रिटर्निंग आफिसर्स ने की यहां 140 शिकायतों का निस्तारण किया गया. उन्होंने बताया कि इस एप के माध्यम से अधिकतम सौ मिनट की समय सीमा में प्राप्त शिकायतों का समाधान किया जा सकता है. 

मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि अब तक आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन की शिकायतों पर पर्याप्त सबूतों के अभाव में कड़ी कार्रवाई से बच जाते थे. शिकायत के सत्यापन में तस्वीर या वीडियो के रूप में दस्तावेजी साक्ष्य की कमी भी बाधा थी. नया एप इन सभी खाइयों को पाटने का काम कर रहा है.

सी-विजिल कैसे काम करता है 

'सी-विजिल' किसी भी व्यक्ति को आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन की रिपोर्ट करने की अनुमति देता है. आमजन इस एप का इस्तेमाल करके कदाचार की घटना की जानकारी भेज सकता है. सौ मिनट की समय सीमा में अधिकारीगण समस्या का निस्तारण करेंगे. इस एप की सबसे खास बात यह है कि शिकायतकर्ता की पहचान गोपनीय रखी जाने का भी विकल्प है. कोई भी व्यक्ति एन्ड्रॉयड आधारित ‘सी-विजिल' एप को गूगल प्ले स्टोर से डाउनलोड कर सकता है.

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