
Assembly Election 2023 : राजस्थान विधानसभा की 199 सीटों पर शनिवार को मतदान जारी है. जिसमें खास तौर पर युवा मतदाता बेहद उत्साह से वोट डाल रहे हैं. इस चुनाव में राज्य के तमाम दिग्गजों की किस्मत EVM में बंद होनी है. ऐसे में एक जागरूक नागरिक होने के नाते लोकतंत्र के इस महापर्व में आपका भाग लेना जरूरी है. NDTV आपसे अपील करता है कि घर से निकलें और वोट जरूर करें. वोटिंग से पहले आपको कोई परेशानी न हो इसलिए आपके सवालों का जवाब भी हम दे रहे हैं.
1. वोटर लिस्ट में नाम कैसे देखें?
वोटर लिस्ट में अपना नाम चेक करने के लिए आप https://Electoralsearch.in पर लॉगइन करें. वहीं आप गूगल प्ले स्टोर पर जाकर वोटर हेल्पलाइन ऐप (Voter helpline app) पर भी अपना नाम चेक कर सकते हैं. साथ ही अलग-अलग दलों के एजेंटों से भी मिलकर अपना नाम चेक कर सकते हैं.

2. अगर वोटर कार्ड नहीं है तो कैसे वोट कर पाएंगे?
आपको बता दें कि यदि आपका नाम वोटर लिस्ट में है और किसी वजह से आपके पास वोटर आईडी कार्ड नहीं है तो भी आप वोट डाल सकेंगे. अगर आपका नाम वोटर लिस्ट में है तो आप चुनाव आयोग की तरफ से बताए गए 11 प्रकार के डॉक्युमेंट्स को पहचान पत्र के तौर पर दिखाकर वोट डाल सकते हैं.
ये रही 11 डॉक्युमेंट्स लिस्ट
- पासपोर्ट
- ड्राइविंग लाइसेंस
- अगर आप सेंट्रल और स्टेट गवर्नमेंट के कर्मचारी हैं या फिर, PSUs और पब्लिक लिमिटेड कंपनी में काम कर रहे हैं तो कंपनी की फोटो आईडी के आधार पर भी मतदान किया जा सकता है.
- PAN कार्ड
- आधार कार्ड
- पोस्ट ऑफिस और बैंक द्वारा जारी किया गया पासबुक
- मनरेगा जॉब कार्ड
- लेबर मिनिस्ट्री द्वारा जारी किया गया हेल्थ इंश्योरेंस कार्ड
- पेंशन कार्ड जिसपर आपकी फोटो लगी हो और अटेस्टेड हो
- नेशनल पॉपुलेशन रजिस्टर (NPR) द्वारा जारी स्मार्ट कार्ड
- MPs/MLAs/MLCs की तरफ से जारी आधिकारिक पहचान पत्र
- इन सभी में से कोई एक पहचान पत्र दिखाने पर आप वोट दे सकेंगे
3. किसी और ने वोट डाल दिया तो क्या करें?
मतदान केंद्र पर पहुंचने पर अगर आपको ये पता चलता है कि आपका वोट पहले ही किसी ने डाल दिया है तो आप टेंडर वोट के जरिए उसे चुनौती दे सकते हैं. ऐसे परिस्थिति में आपको मतदान केंद्र पर मौजूद पीठासीन अधिकारी से शिकायत करनी होगी. पीठासीन अधिकारी आपसे जुड़े दस्तावेजों की पूरी जांच करेगा. यह जांच की जाएगी कि आपने जो दावा किया है क्या वह सही है? अगर आपका दावा सही निकलता है तो बैलेट पेपर के जरिए पीठासीन अधिकारी आपका टेंडर वोट डलवा सकता है.