
राजस्थान में 25 नवंबर को विधानसभा चुनाव होने है. प्रदेश में आचार संहिता लगने से पहले मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कई मंचों पर दावा किया था कि राज्य सरकार की योजनाओं का लाभ राजस्थान के हर वर्ग को मिला है. सीएम गहलोत को अब दावों को अब उनके गृहनगर जोधपुर से करारा जवाब मिला है. बता दें, राजस्थान में विधानसभा चुनाव के लिए 25 नवंबर को चुनाव होने हैं और नतीजे 3 दिसंबर को आएंगे.
व्यापारियों का कहना है कि त्यौहारों के सीजन में भीतरी शहर में बिगड़ी यातायात व्यवस्था से व्यापारियों को करोड़ों का नुकसान झेलना पड़ता है. व्यापारियों ने पिछले 5 वर्षों में कांग्रेस विधायक द्वारा विधानसभा क्षेत्र में किए गए कार्यो पर भी असंतोष जताया. कुछ व्यापारियों ने महिलाओं के प्रति बढ़ती अपराधिक घटनाओं पर नाराजगी जाहिर की.
कांग्रेस के बागी व पूर्व पीसीसी प्रवक्ता डॉ अजय त्रिवेदी भी राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी से इस बार शहर विधानसभा क्षेत्र में प्रत्याशी के रूप में मैदान में हैं. इस बार शहर विधानसभा क्षेत्र में त्रिकोणीय मुकाबला देखने को मिल सकता है. उधर, व्यापारी मंडल अध्यक्ष ने व्यापारियों में से किसी एक को प्रत्याशी बनाने की मांग की है. मालूम हो, भाजपा ने अभी तक शहर विधानसभा क्षेत्र से प्रत्याशी की घोषणा नहीं की है.