
President Draupadi Murmu Visit Beneshwar Dham: 14 फरवरी को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू (Droupadi Murmu) लाखों आदिवासियों की आस्था स्थली त्रिवेणी संगम बेणेश्वरधाम में आयोजित जनजाति महाकुंभ मेले में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल थीं. राष्ट्रपति के दौरे के दौरान यहां कार्यक्रम हुए जिसमें जनजाति अंचल की कला-संस्कृति की झलक भी प्रस्तुत की गई. कार्यक्रम के बाद शुक्रवार को भारत आदिवासी पार्टी ने राष्ट्रपति के कार्यक्रम में आदिवासी विधायकों को नज़रअन्दाज़ कर कार्यक्रम में जाने से रोक देने के आरोप लगाए हैं.
भारत आदिवासी पार्टी के के विधायक राजकुमार ने रोत ने भारतीय जनता पार्टी पर कार्यक्रम को राजनीतिक रंग देने का आरोप लगाया है. 'एक्स' पर पोस्ट करते हुए उन्होंने लिखा, दुर्भाग्य की बात है कि आदिवासियों के महाकुंभ कहे जाने वाले बेणेश्वर धाम पर महामहिम राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का कार्यक्रम एक पार्टी विशेष का कार्यक्रम बनकर रह गया.
दुर्भाग्य की बात है कि आदिवासियों के महाकुंभ कहे जाने वाले बेणेश्वर धाम पर महामहिम राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का कार्यक्रम एक पार्टी विशेष का कार्यक्रम बनकर रह गया। एक आदिवासी राष्ट्रपति होने के बावजूद भी स्थानीय आदिवासी विधायक को कार्यक्रम स्थल पर प्रवेश नही दिया गया। 1/2
— Rajkumar Roat (@roat_mla) February 16, 2024
उन्होंने आदिवासियों को नज़रअंदाज़ करने का आरोप लगाते हुए लिखा, एक आदिवासी राष्ट्रपति होने के बावजूद भी स्थानीय आदिवासी विधायक को कार्यक्रम स्थल पर प्रवेश नही दिया गया.
भारत आदिवासी पार्टी के आसपुर से विधायक उमेश मीणा ने कहा कि, राष्ट्रपति खुद एक आदिवासी समाज से आती हैं, उनका बेणेश्वर धाम में आने की सबको खुशी थी. लेकिन स्थानीय विधायक होने के नाते भी हमें कार्यक्रम में नहीं बुलाया गया. यहां राष्ट्रपति के कार्यक्रम के नाम पर भारतीय जनता पार्टी का लोकसभा का एक तरफ़ा चुनाव प्रचार चल रहा है.'