
मानसून में देरी के चलते जिले के किसान परेशान थे, लेकिन पिछले कुछ दिनों से लगातार हो रही झमाझम बारिश ने किसानों की आंखों की खोई चमक लौट आई है, क्योंकि जो फसलें बारिश की कमी से सूखने लगी थीं बारिश ने उन चेहरों पर मुस्कान ला दी है. शनिवार रात जिले में हुई बारिश से किसानों के चेहरे चमकने और उनकी फसलें लहलहाने लगी हैं.
रात हुई बारिश ने दिलाई राहत
शनिवार रात करीब 11 बजे से शुरू हुई बारिश रविवार सुबह तक जारी रही. इस दौरान बांसवाड़ा शहर में छह इंच से अधिक बारिश हुई. जिले के अन्य हिस्सों में भी अच्छी बारिश हुई. इस बारिश से किसानों को राहत मिली है. फसलों को नया जीवन मिला है.
सबसे ज्यादा बारिश बागीडोरा क्षेत्र में बारिश हुई
बांसवाड़ा में सबसे ज्यादा बारिश बागीडोरा क्षेत्र में हुई है. यहां 156 मिमी बारिश दर्ज की गई. इसके अलावा, केसरपुरा में 146 मिमी, दानपुर में 23 मिमी, सल्लोपाट में 63 मिमी, जगपुरा में 42 मिमी, घाटोल में 51 मिमी, भूंगड़ा में 37 मिमी, कुशलगढ़ में 36 मिमी, सज्जनगढ़ में 34 मिमी, गढ़ी में 30 मिमी और लोहारिया में 33 मिमी बारिश दर्ज की गई.
कुछ इलाकों में जलभराव से परेशानी
बारिश के कारण कुछ नुकसान भी हुआ है. कुछ इलाकों में जलभराव के कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा है. हालांकि, किसानों के लिए यह बारिश किसी वरदान से कम नहीं है. सुभाष नगर, मदार कॉलोनी और मुस्लिम कॉलोनी में कई मकानों में पानी घुस गया. शहर के दो बड़े तालाब डायलाब और राजतालाब में अधिक पानी होने से लबालब हो गए हैं.
किसानों की फसलों को पहुंचा फायदा
भारी बारिश के कारण भले ही शहर के कुछ इलाकों में जलभराव हो गया हो, लेकिन बारिश ने किसानों की बांछे खिल गई है. बारिश की बूंदों से किसानों के चेहरे पर खुशी देखी जा रही है. किसानों का कहना है कि इस बारिश से उनकी फसलों को काफी फायदा होगा अब वे अच्छी फसल की उम्मीद कर रहे हैं.