Rajasthan News: राजस्थान के भरतपुर जिले में नगर निगम द्वारा चलाया जा रहा स्मार्ट सेवा केंद्र पूरे देश में अपनी तरह का पहला और एकमात्र केंद्र है. यह केंद्र स्थानीय लोगों के लिए किसी वरदान से कम नहीं साबित हो रहा है. यहां एक ही जगह पर जन्म प्रमाण पत्र विवाह प्रमाण पत्र और कई अन्य जरूरी दस्तावेज आसानी से मिल जाते हैं.
पहले जहां लोग इन कामों के लिए सरकारी दफ्तरों के चक्कर काटते थक जाते थे वहीं अब सब कुछ एक ही दिन में हो जाता है. इस केंद्र ने सेवाओं को तेज पारदर्शी और समय पर पूरा करने का नया तरीका दिखाया है.
केंद्र की शुरुआत और उद्देश्य
यह स्मार्ट सेवा केंद्र जून 2025 में शुरू किया गया था. नगर निगम आयुक्त श्रवण कुमार विश्नोई बताते हैं कि इसका मुख्य मकसद लोगों की परेशानियों को दूर करना था. पहले जन्म मृत्यु और विवाह प्रमाण पत्र जैसे दस्तावेज बनवाने में कई दिन लग जाते थे. लेकिन अब यहां सब कुछ जल्दी और बिना किसी भेदभाव के होता है.

VIP कल्चर को पूरी तरह खत्म कर दिया गया है. यहां पहले आओ पहले पाओ का नियम चलता है. विश्नोई कहते हैं कि इस केंद्र से लोगों को बड़ी राहत मिली है और अब कोई काम लंबित नहीं रहता. देश के अलग-अलग राज्यों से कई विभागों के अधिकारी यहां आ चुके हैं. वे इस मॉडल को देखकर अपने इलाकों में ऐसे ही केंद्र खोलने की योजना बना रहे हैं.
नागरिकों की जमीनी प्रतिक्रियाएं
डीग जिले के कामा गांव के निवासी अनिल कुमार जैन ने अपना अनुभव साझा किया. वे जन्म प्रमाण पत्र बनवाने आए थे. दोपहर 12 बजे दस्तावेज जमा किए और सिर्फ डेढ़ घंटे में यानी 1:30 बजे उन्हें प्रमाण पत्र मिल गया. अनिल कहते हैं कि पहले तो कई दिनों तक इंतजार करना पड़ता था और काफी परेशानी होती थी. लेकिन अब यह केंद्र सबके लिए आसान बन गया है.
केंद्र पर काम करने वाले कर्मचारी भूपेंद्र बताते हैं कि पहले यहां कामों की पेंडेंसी बहुत रहती थी लेकिन अब सब कुछ सुचारू है. लोगों को तुरंत सेवा मिल रही है. एक अन्य नागरिक सुनील लवानिया कहते हैं कि केंद्र खुलने से जन्म मृत्यु विवाह प्रमाण पत्र के अलावा अन्य दस्तावेज भी बिना चक्कर लगाए मिल जाते हैं. इससे लोग बहुत खुश हैं और समय की बचत हो रही है.
भविष्य की योजनाएं और विस्तार
इस केंद्र की सफलता को देखते हुए नगर निगम अब स्मार्ट सेवा केंद्र-02 खोलने की तैयारी में है. नए केंद्र में बिजली और पानी की एनओसी जैसे कामों के साथ राशन कार्ड में बदलाव सिर्फ 7 दिनों में हो सकेंगे. यह कदम और ज्यादा सेवाओं को तेज करने की दिशा में महत्वपूर्ण होगा. कुल मिलाकर यह केंद्र न सिर्फ भरतपुर बल्कि पूरे देश के लिए एक मिसाल बन रहा है जहां सरकारी सेवाएं वाकई लोगों के लिए आसान और पहुंच में हैं.