राजस्थान की रामजल सेतु लिंक परियोजना को लेकर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा सख्त हो गए हैं. बुधवार को परियोजना की समीक्षा बैठक में अधिकारियों को साफ निर्देश दिया कि इस परियोजना के सभी कार्यों को मिसन मोड में तेजी के साथ पूरा किया जाए. सीएम भजनलाल ने कहा कि परियोजना की डीपीआर का तकनीकी परीक्षण केन्द्रीय जल आयोग द्वारा पूरा कर लिया गया है, अब वित्त पोषण के लिए पीआईबी नोट को जल्द अंतिम रूप दिया जाए और केन्द्र सरकार से समन्वय तेज किया जाए.
बाकी कार्यों को तय समय सीमा में पूरा करने के निर्देश
मुख्यमंत्री कार्यालय में आयोजित बैठक में मुख्यमंत्री भजनलाल ने परियोजना के विभिन्न घटकों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की और बाकी कार्यों को तय समय सीमा में पूरा करने के निर्देश दिए. उन्होंने यह भी कहा कि परियोजना के जरिए आमजन को जल्द निर्बाध पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित की जाए. मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि परियोजना की नियमित मॉनिटरिंग के लिए मंत्री और मुख्यमंत्री स्तर पर बैठकें आयोजित की जाएं और संबंधित अधिकारियों से मासिक प्रगति रिपोर्ट ली जाए.
आज मुख्यमंत्री कार्यालय में 'रामजल सेतु परियोजना' की समीक्षा बैठक ली।
— Bhajanlal Sharma (@BhajanlalBjp) April 1, 2026
इस महत्वाकांक्षी परियोजना को लेकर संबंधित अधिकारियों को कार्य में तेजी लाने और समयबद्ध तरीके से पूर्ण करने हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
यह परियोजना हमारे क्षेत्र के जल प्रबंधन और आधारभूत ढांचे को सुदृढ़… pic.twitter.com/WSOWEurZay
नवनेरा बैराज और ईसरदा बांध का कार्य पूरा
उन्होंने प्रभावित लोगों को मुआवजे के मामलों में संवेदनशीलता और तत्परता बरतने के भी निर्देश दिए. बैठक में बीसलपुर से मोर सागर, ईसरदा से बंध बारैठा, ईसरदा से रामगढ़, खुरा चैनपुरा से जयसमंद और ब्राह्मणी बैराज से जुड़े कार्यों की समीक्षा की गई. अधिकारियों ने बताया कि नवनेरा बैराज और ईसरदा बांध का कार्य पूरा हो चुका है, जबकि रामगढ़ और महलपुर बैराज से जुड़े काफर डेम और ड्रेनेज फीडर के काम भी पूर्ण कर लिए गए हैं.
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